नई दिल्ली, रफ्तार डेस्क। एनडीए और विपक्ष के बीच लोकसभा अध्यक्ष के पद को लेकर हुए विवाद के कारण, अब दोनों पक्षों की तरफ से लोकसभा अध्यक्ष पद के लिए उमीदवार घोषित कर दिए गए हैं। एनडीए गठबंधन की तरफ से ओम बिड़ला ने फिर से लोकसभा स्पीकर पद के लिए नामांकन भरा है। तो वहीं विपक्ष की तरफ से के सुरेश (K Suresh) ने लोकसभा अध्यक्ष के पद के लिए नामांकन भरा है। 26 जून 2024 को सुबह 11 बजे लोकसभा अध्यक्ष पद के लिए मतदान होगा।
जन्म और शिक्षा
ओम बिड़ला का जन्म 23 नवंबर 1962 को कोटा,राजस्थान में हुआ था। उन्होंने गवर्नमेंट कॉमर्स कॉलेज, कोटा से स्नातक और महर्षि दयानंद सरस्वती विश्वविद्यालय, अजमेर से वाणिज्य में स्नातकोत्तर की डिग्री हासिल की है।
वहीं कोडिकुन्निल सुरेश का जन्म 4 जून 1962 को तिरुवनंतपुरम जिले के कोडिकुन्निल में हुआ था। कोडिकुन्निल सुरेश ने मार इवानियोस कॉलेज, तिरुवनंतपुरम से अपनी प्री-डिग्री और गवर्नमेंट लॉ कॉलेज, तिरुवनंतपुरम से एलएलबी में स्नातक की डिग्री हासिल की है।
राजनीतिक सफर
ओम बिड़ला राजस्थान के कोटा लोकसभा सीट से जीत दर्ज करके सांसद चुने गए हैं। ओम बिड़ला भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता हैं। उन्हें 17 वीं लोकसभा के लिए सर्वसम्मति से लोकसभा अध्यक्ष चुना गया था। अब 18 वीं लोकसभा के लिए भी वह लोकसभा अध्यक्ष के लिए मजबूत दावेदार हैं। वह 2014 में भी कोटा-बूंदी निर्वाचन क्षेत्र से जीत दर्ज करके सांसद बने थे। यह उनका सांसदी का तीसरा कार्यकाल है। ओम बिरला को वर्ष 1991 में भारतीय जनता युवा मोर्चा का प्रदेश अध्यक्ष बनाया गया था। वर्ष 1997 में ओम बिरला को भारतीय जनता युवा मोर्चा का उपाध्यक्ष बनाया गया। ओम बिरला वर्ष 2003 में पहली बार कोटा दक्षिण विधानसभा सीट से जीत दर्ज कर विधायक बने थे। ओम बिड़ला ने इसके बाद मुड़कर नहीं देखा। उन्होंने लगातार वर्ष 2013 तक कोटा दक्षिण विधानसभा सीट से हैट्रिक लगाई और तीसरी बार विधायक बने। इसके बाद इनको वर्ष 2014 से लोकसभा का चुनाव लड़ाया गया। जिसमे ओम बिड़ला लगातार जीत दर्ज करते हुए, तीसरी बार सांसद बने हैं।
वहीं कोडिकुन्निल सुरेश केरल की मवेलीकरा लोकसभा सीट से चुनाव जीतकर सांसद बने हैं। इन्होंने वर्ष 1989 में पहली बार लोकसभा के चुनाव जीता था और सांसद बने थे। कोडिकुन्निल सुरेश 8 बार के सांसद हैं। वर्ष 1989 के लोकसभा चुनाव में जीत दर्ज करने के बाद वर्ष 1991, 1996, 1999, 2009, 2014, 2019 और 2024 के लोकसभा चुनाव में जीत दर्ज करके सांसद बने। कोडिकुन्निल सुरेश इस समय सबसे अनुभवी सांसद हैं। विपक्ष ने उन्हें प्रोटेम स्पीकर न बनाए जाने के कारण अपना विरोध जताया था। अब विपक्ष के विरोध के बाद कोडिकुन्निल सुरेश और ओम बिड़ला के बीच लोकसभा अध्यक्ष पद का चुनाव होगा। कोडिकुन्निल सुरेश मनमोहन सरकार में वर्ष 2012 और वर्ष 2014 में केंद्रीय मंत्री रह चुके हैं।
संपत्ति के मामले में ओम बिरला कोडिकुन्निल सुरेश से काफी आगे
ओम बिड़ला और कोडिकुन्निल सुरेश के चुनावी हलफनामे अनुसार जहां ओम बिरला की नेट वर्थ 10.62 करोड़ हैं। वहीं कोडिकुन्निल सुरेश की नेट वर्थ 1.5 करोड़ रूपये है। कोडिकुन्निल सुरेश संपत्ति के मामले में ओम बिड़ला से काफी पीछे हैं। अब 26 जून 2024 को होने वाले लोकसभा अध्यक्ष के पद के चुनाव के बाद पता चलेगा कि कौन 18 वीं लोकसभा का अध्यक्ष बनता है। अन्य खबरों के लिए क्लिक करें:- www.raftaar.in




