नई दिल्ली/रफ्तार डेस्क। राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (NSA) अजीत डोभाल आज रूस के दौरे पर जाएंगे। अजीत डोभाल के रूस दौरे पर पूरी दुनिया की नजर है। बताया जा रहा है कि इस दौरान NSA रूस-यूक्रेन के बीच पिछले लगभग तीन सालों से चली आ रही जंग को रोकने के लिए मध्यस्थ की भूमिका निभा सकते हैं। दरअसल हाल ही में रूस के राष्ट्रपति ब्लादिमीर पुतिन ने कहा था कि रूस और यूक्रेन के बीच चल रहे युद्ध को खत्म करने में चीन और भारत अहम भूमिका निभा सकते हैं। अभी रूस में चीन के भी एनएसए मौजूद हैं। इसलिए ये कहा जा रहा है कि अजीत डोभाल रूस-यूक्रेन के बीच चल रहे युद्ध को खत्म करने में मध्यस्थ की भूमिका निभा सकते हैं।
कजान में BRICS शिखर सम्मेलन का होगा आयोजन
दरअसल अक्टूबर में कजान में BRICS शिखर सम्मेलन का आयोजन होना है। सम्मेलन से पहले BRICS NSA की बैठक होती है। जिसमें हिस्सा लेने के लिए अजीत डोभाल हिस्सा लेने रूस पहुंचे हैं। इस दौरान कयास लगाए जा रहे हैं कि बैठक में डोभाल रूस-यूक्रेन संघर्ष को सुलझाने के लिए भी बातचीत कर सकते हैं। इसके लिए चीनी समकक्ष के साथ एक अलग से मीटिंग होने की भी संभावना जताई जा रही है।
पुतिन से पीएम मोदी ने की थी शांति प्रस्तावों पर चर्चा
हाल ही में पीएम मोदी ने रूसी राष्ट्रपति ब्लादिमीर पुतिन से शांति प्रस्तावों पर चर्चा के लिए फोन पर बातचीत की थी। इस दौरान उन्होंने कहा था कि वो चर्चा के लिए एनएसए को रूस भेजेंगे। इस दौरे पर भारत के एनएसए के अलावा चीन और ब्राजील के भी प्रतिनिधि रहेंगे। इस लिए अजीत डोभाल का ये दौरा बहुत खास माना जा रहा है। ये भी कहा जा रहा कि रूस-यूक्रेन संघर्ष को लेकर सार्थक चर्चा हो सकती है।
रूस और यूक्रेन के बीच फरवरी 2022 से संघर्ष जारी
बता दें कि, रूस और यूक्रेन के बीच फरवरी 2022 से संघर्ष जारी है। इस संघर्ष को समाप्त करने के लिए कई देशों ने अपील की थी। हाल ही में पुतिन ने रूस और यूक्रेन के संघर्ष पर कहा था कि भारत, ब्राजील और चीन ही वो देश हैं जो इस संकट को सुलझाने के लिए इमानदारी से प्रयास किया है। इसलिए एनएसए का दौरा खास माना जा रहा है।
पीएम मोदी के यूक्रेन दौरे के बाद पुतिन ने दिया था बयान
बता दें कि, ब्लादिमीर पुतिन ने ये बयान उस समय दिया था जब पीएम मोदी ने यूक्रेन का दौरा किया था और उन्होंने वहां पर संघर्ष के शीघ्र, स्थायी और शांतिपूर्ण समर्थन करने की बात कही थी। वहीं इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी ने भी हाल ही में माना कि रूस-यूक्रेन के बीच जारी जंग को भारत रोक सकता है।





