नई दिल्ली/रफ्तार डेस्क। अब ये बात तय हो गई है कि जय शाह आईसीसी अध्यक्ष के तौर पर जिम्मेदारी निभाएंगे। इस फैसले के आते ही पाकिस्तान की उम्मीदों को तगड़ा झटका लगा है। दरअसल, अगले साल पाकिस्तान में चैंपियंस ट्रॉफी का आयोजन होना है, जिसकी मेजबानी के लिए पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड पूरी तरह अड़ा हुआ है। BCCI ने ICC को प्रस्ताव दिया था कि चैंपियंस ट्रॉफी का आयोजन हाइब्रिड मॉडल पर हो और भारत-पाकिस्तान मैचों को UAE में कराया जाएं। जय शाह के आईसीसी में जिम्मेदारी मिलने के बाद ये माना जा रहा है कि आयोजन हाइब्रिड मॉडल पर हो।
मेजबानी करने पर अड़ा हुआ है पाकिस्तान
जब तक ICC की कमान जय शाह के हाथों में नहीं थी तब तक पाकिस्तान बोर्ड हाइब्रिड मॉडल को सिरे से नकार रहा था। हालांकि अब परिस्थितियां बदल चुकी हैं और बीती रात जय शाह आईसीसी के चेयरमैन बन गए हैं। इस फैसले के बाद पाकिस्तान के माथे पर चिंता की लकीरें बढ़ गई हैं। पाकिस्तान को अब चिंता सताने लगी है कि चैंपियंस ट्रॉफी के आयोजन में बदलाव हो सकता है।
PCB को लग सकती है करोड़ों की चपत
चैंपियंस ट्रॉफी के मद्देनजर पाकिस्तान नें तैयारियाँ शुरू कर दी है। वह फ्लडलाइट्स और जनरेटर के लिए टेंडर भी निकाल चुका है। ऐसें में अगर चैंपियंस ट्रॉफी का आयोजन हाइब्रिड मॉडल में होता है तो पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड को आर्थिक नुकसान होना तय है। जय शाह के आईसीसी में जाने के बाद इस बात की संभावना बहुत अधिक बढ़ गई है कि आयोजन हाइब्रिड मॉडल में हो।
जय शाह बने सबसे युवा ICC अध्यक्ष
27 अगस्त को मौजूदा BCCI सचिव जय शाह को निर्विरोध आईसीसी का चेयरमैन चुन लिया गया। आईसीसी इसका आधिकारिक ऐलान भी कर चुकी है। शाह 35 वर्ष की आयु में आईसीसी चेयरमैन बनने वाले सबसे युवा सदस्य बन गए हैं। जय शाह से पहले 4 भारतीय आईसीसी चेयरमैन रह चुके हैं।





