नई दिल्ली/रफ्तार डेस्क। आज से करीब 9 महीनें पहले सुनीता विलियम्स और बुच बिल्मर ISS में पहुंचे थे। उन्हें 8 दिन के बाद वापस धरती का रुख करना था लेकिन उनके स्पेस क्राफ्ट में कुछ तकनीकी खामी आ गई जिसकी वजह से उनकी वापसी संभव नहीं हो पा रही थी। हालांकि अब Spacex कैप्सूल उन्हें लेने के लिए स्पेस स्टेशन पहुंचा है। इस पूरे प्रक्ररण को देखकर विश्व को साल 2003 की याद आ गई। आंशिक रूप से अंतरिक्ष में यात्रा के दोरान कल्पना चावला के साथ भी ऐसा हुआ था जिसमें उन्हें अपनी जान से हाथ धोना पड़ गया था।
कैसे घटी थी पूरी घटना
16 जनवरी 2003 को कल्पना चावला ने अपने अन्य 6 साथियों के साथ कोलंबिया स्पेस शटल मिशन STS-107 के साथ अंतरिक्ष के लिए उड़ान भरी थी। उन्होंने वहां 16 दिन तक करीब 80 प्रयोग किए। जब वह 1 फरवरी 2003 को वापस धरती पर लौट रही थीं तो लैंडिग से ठीक 16 मिनट पहले उनके क्राफ्ट में कुछ तकनीकी खराबी आ गई थी। जब यान 2649 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से 20,000 मीटर की ऊंचाई पर उड़ रहा था तो इंसुलेशन ने बाहर लगे हुए फ्यूल टैंक को तोड़ दिया था। इंसुलेशन ने बाएं पंख के सामने किनारे पर शटल को हिट किया। अंतरिक्ष यान के अंडर पर थर्मल प्रोटेक्शन सिस्टम को डिफेक्ट किया। यान के पार्ट्स गिरने लगे और इस हादसे में कल्पना चावला समेत 7 अंतरिक्ष यात्रियों ने अपनी जान गंवा दी थी। यह उनकी दूसरी अंतरिक्ष यात्रा थी।
इस दुर्घटना के बाद भारत से लेकर अमेरिका तक हड़कंप मच गया था। जब स्पेस क्राफ्ट टूटकर बिखर रहा था तो वह पूरा मंजर न सिर्फ खौफनाक था बल्कि दिल दहला देने वाला था। टेक्सास और लुइसियाना के आसमान से यान का मलबा गिर रहा था। वहां की मीडिया ने इसका लाइव टेलीकास्ट दिखाया था।




