नई दिल्ली/रफ्तार डेस्क। कॉमेडियन कपिल शर्मा के कनाडा स्थित CAPS Café पर तीन बार हुई फायरिंग के मामले में दिल्ली पुलिस क्राइम ब्रांच ने बड़ा खुलासा किया है। जांच में तीनों शूटरों की पहचान कर ली गई है, जिन्होंने 10 जुलाई, 7 अगस्त और 16 अक्टूबर 2024 को कैफे पर ताबड़तोड़ गोलियां चलाई थीं। यह शूटर लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जुड़े हैं और इनकी तस्वीरें भी पहली बार पुलिस ने जारी की हैं।
शूटरों की पहचान और मास्टरमाइंड
दिल्ली पुलिस के अनुसार, कपिल शर्मा के कैफे पर हुई फायरिंग तीन शूटरों शेरी, दलजोत रेहल और सीपू ने की थी। ये सभी पंजाब मूल के हैं और कुछ समय से कनाडा में सक्रिय थे। जांच में सामने आया कि हमलों का मास्टरमाइंड गैंगस्टर सीपू था, जो लॉरेंस बिश्नोई के ऑपरेशन नेटवर्क का अहम हिस्सा है। पुलिस ने सीपू की तस्वीर जारी कर उसकी तलाश शुरू कर दी है। शूटरों और मास्टरमाइंड के अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क ने मामले को भारत और कनाडा दोनों के लिए गंभीर सुरक्षा चुनौती बना दिया है।
लॉजिस्टिक सपोर्ट देने वाला आरोपी गिरफ्तार
फायरिंग में इस्तेमाल हथियार और लॉजिस्टिक सपोर्ट देने वाले बंधुमान सिंह को कनाडा से लौटते समय गिरफ्तार किया गया। पूछताछ में उसने बताया कि फायरिंग पूरी तरह से सीपू के इशारे पर हुई थी।
अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा चुनौती
कनाडा की स्थानीय पुलिस और भारतीय केंद्रीय एजेंसियां अब इन शूटरों और मास्टरमाइंड की लोकेशन ट्रेस करने में लगी हैं। शेरी और दलजोत पहले से ही कनाडा में मोस्ट वांटेड अपराधियों की सूची में शामिल हैं। लगातार हो रहे हमले भारत और कनाडा दोनों के लिए गंभीर सुरक्षा चुनौती बन चुके हैं और यह गैंगस्टर नेटवर्क की अंतरराष्ट्रीय पहुंच को उजागर करता है।
कपिल शर्मा की प्रतिक्रिया
अब तक कपिल शर्मा ने इस मामले पर कोई आधिकारिक बयान नहीं दिया है, लेकिन मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच तेज कर दी गई है।




