नई दिल्ली / रफ्तार डेस्क । डिजिटल पेमेंट्स क्षेत्र की दिग्गज कंपनी PhonePe ने अपने प्रस्तावित इनिशियल पब्लिक ऑफरिंग (IPO) के लिए भारतीय प्रतिभूति और विनिमय बोर्ड (SEBI) के पास गोपनीय दस्तावेज दाखिल किए हैं। वॉलमार्ट के स्वामित्व वाली इस फिनटेक कंपनी ने इस क़दम के साथ शेयर बाजार में लिस्टिंग की औपचारिक प्रक्रिया का आगाज कर दिया है।
जानकारी के अनुसार, यह गोपनीय फाइलिंग प्रक्रिया सेबी द्वारा नवंबर 2022 में शुरू की गई थी। इस व्यवस्था के तहत कंपनियां अपने बिजनेस मॉडल, वित्तीय डेटा और अन्य संवेदनशील जानकारियों को अंतिम लिस्टिंग तक सार्वजनिक नहीं करतीं, जिससे उन्हें प्रतिस्पर्धात्मक नुकसान से बचाव मिलता है। PhonePe के इस कदम को बाजार में एक बड़े आईपीओ के संकेत के रूप में देखा जा रहा है, खासकर तब जब कंपनी के पास 530 मिलियन (53 करोड़) से अधिक रजिस्टर्ड यूजर्स हैं और यह देश की सबसे बड़ी डिजिटल भुगतान सेवाओं में से एक है। PhonePe से पहले टाटा कैपिटल, ओयो, स्विगी और फिजिक्सवाला जैसी नामचीन कंपनियां भी सेबी की इस गोपनीय दाखिला प्रक्रिया का इस्तेमाल कर चुकी हैं।
निवेशकों के सामने पेश होने को तैयार PhonePe
PhonePe अब शेयर बाजार में कदम रखने की तैयारी में है। अगस्त 2016 में लॉन्च हुआ यह ऐप आज न सिर्फ पेमेंट्स का बड़ा नाम बन चुका है, बल्कि ऋण वितरण और स्टॉक ब्रोकिंग जैसे क्षेत्रों में भी अपनी पकड़ मजबूत कर रहा है। मार्च 2024 तक के आंकड़ों के मुताबिक, फोनपे के पास करीब 53 करोड़ रजिस्टर्ड यूजर्स हैं, जिनमें से 20 करोड़ मासिक सक्रिय ग्राहक हैं। यह प्लेटफॉर्म हर महीने औसतन 770 करोड़ से अधिक लेन-देन को प्रोसेस करता है, जो इसकी तकनीकी क्षमता और उपयोगकर्ता आधार की मजबूती को दर्शाता है। PhonePe ने भारत से आगे बढ़ते हुए सिंगापुर, संयुक्त अरब अमीरात, नेपाल सहित कुल 6 देशों में अपनी सेवाओं की शुरुआत कर दी है। इस वैश्विक विस्तार के साथ कंपनी अब एक फुल-स्केल फिनटेक प्लेयर के रूप में उभर रही है, जो निवेशकों के लिए आकर्षक अवसर बन सकता है।
PhonePe के वित्तीय परिणाम
वित्तीय वर्ष 2025 में PhonePe के प्रदर्शन में जबरदस्त उछाल आया है। कंपनी का कुल राजस्व पिछले वर्ष की तुलना में 40% बढ़कर 7,115 करोड़ रुपये तक पहुंच गया है। इसके साथ ही, कंपनी ने पहली बार सकारात्मक एडजस्टेड EBIT (ईएसओपी लागत को छोड़कर) 117 करोड़ रुपये दर्ज किया, जो इसकी स्थिरता और लाभप्रदता की ओर एक महत्वपूर्ण कदम है। फोनपे का समायोजित लाभ (ईएसओपी लागत को छोड़कर) भी गत वर्ष के मुकाबले 220% की शानदार वृद्धि के साथ 630 करोड़ रुपये पर पहुंच गया है। भारत के यूपीआई बाजार में PhonePe वर्तमान में गूगल पे के साथ शीर्ष दो खिलाड़ियों में से एक है, जो डिजिटल भुगतान क्षेत्र में इसकी मजबूत पकड़ और व्यापक ग्राहक आधार को दर्शाता है।
डिस्क्लेमर : इस प्रस्तुत लेख में विचार और सुझाव केवल सामान्य जानकारी के उद्देश्य है। केवल शेयर के प्रदर्शन या कंपनी से जुड़ी जानकारी दी गई है। इसे निवेश की सलाह न समझा जाए। किसी भी प्रकार का निवेश निर्णय लेने से पहले, अपने वित्तीय सलाहकार से सलाह अवश्य लें।




