नई दिल्ली/रफ्तार डेस्क। बिहार विधानसभा चुनाव 2025 में भारतीय जनता पार्टी (BJP), जनता दल यूनाइटेड (JDU) और उनके सहयोगी दलों के NDA गठबंधन ने 202 सीटों के साथ जो ऐतिहासिक प्रचंड जीत दर्ज की है, जहां इस पर देशभर से प्रतिक्रियाएं आ रही हैं। इसी क्रम में महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री और प्रमुख NDA नेता एकनाथ शिंदे ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को फोन कर बधाई दी और इस जीत को अभूतपूर्व बताया।
PM मोदी के नेतृत्व की जीत, लाडली बहनों का सम्मान
एकनाथ शिंदे ने अपनी प्रतिक्रिया में जोर दिया कि यह विजय केवल राजनीतिक जीत नहीं, बल्कि विकास और जन-कल्याणकारी नीतियों की जीत है। शिंदे ने कहा कि बिहार में मिली यह रिकॉर्ड तोड़ जीत, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व में हुए विकास कार्यों और सुशासन की स्पष्ट पुष्टि है। उन्होंने बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व में महिलाओं, किसानों, युवाओं और छात्रों के लिए लागू की गई योजनाओं की सराहना की। शिंदे ने कहा, लाड़की बहनों (महिलाओं) ने सरकार के साथ मजबूती से खड़े रहकर साथ दिया, जिससे यह ऐतिहासिक जीत संभव हुई। उनका मानना है कि महिला मतदाताओं का निर्णायक समर्थन NDA के पक्ष में गया।
विपक्ष के फर्जी दावों पर करारा प्रहार
शिंदे ने विपक्ष द्वारा चुनाव के दौरान फैलाई गई बातों पर भी निशाना साधा, शिंदे ने कहा कि विपक्ष ने चुनाव के दौरान मत-चोरी का फर्जी नैरेटिव फैलाने की पूरी कोशिश की, लेकिन जनता ने उसे मतपेटी के माध्यम से करारा जवाब दे दिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि बिहार की जनता ने स्पष्ट रूप से विकास और सुशासन को अपना समर्थन दिया है, और अब बिहार के सर्वांगीण विकास की यात्रा नए जोश के साथ शुरू हो गई है।
NDA के शीर्ष नेतृत्व को दी बधाई
शिंदे ने इस बड़ी जीत पर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और भाजपा अध्यक्ष जे. पी. नड्डा से भी फोन पर बातचीत कर उन्हें बधाई दी और उनके कुशल नेतृत्व के लिए शुभकामनाएं व्यक्त कीं। उन्होंने कहा कि अब जनता सिर्फ काम करने वालों के साथ है।
रिकॉर्ड तोड़ चुनावी आंकड़े
14 नवंबर को जारी हुए बिहार चुनाव नतीजों ने 2025 को इतिहास में दर्ज कर दिया
गठबंधन सीटें जीतीं (कुल 243 में)
NDA 202 सीटें
महागठबंधन 35 सीटें
NDA के घटक दलों का प्रदर्शन
BJP: 89 सीटें
JDU: 85 सीटें
चिराग पासवान (LJP): 19 सीटें
हम (HAM): 5 सीटें
RLP: 4 सीटें
महागठबंधन को बीते दो दशकों की सबसे करारी हार मिली, जिसमें राजद को पिछले चुनाव के मुकाबले 50 सीटों का भारी घाटा हुआ और वह 25 सीटों पर सिमट गई।





