नई दिल्ली, 04 मार्च (हि.स)। विदेश मंत्री एस जयशंकर गुरुवार को ढाका पहुंचे जहां उनका विदेश मंत्री अब्दुल मोमिन ने स्वागत किया। विदेश मंत्री ने अपने समकक्ष के साथ ढाका में द्विपक्षीय संबंधों से जुड़े मुद्दों पर व्यापक विचार-विमर्श किया। विदेश मंत्री ने ट्वीट कर कहा कि बांग्लादेश भारत की पड़ोसी प्रथम की नीति के केंद्र में है और धीरे-धीरे भारत की ही एक्ट ईस्ट नीति का जरूरी अंग बनता जा रहा है। भारत और बांग्लादेश के संबंध इतने व्यापक और सहज हैं कि इनसे कोई क्षेत्र अछूता नहीं है। सही मायनों में कहा जाए तो यह 360 डिग्री सहयोग का एक उदाहरण है। विदेश मंत्री ने कहा कि भारत बांग्लादेश के नायक शेख मुजीबुर्रहमान के जन्मशताब्दी वर्ष और बांग्लादेश स्थापना के 50 वर्षों से जुड़े आयोजनों में सम्मिलित है। उनकी यात्रा भारत-बांग्लादेश की कोविड-19 के खिलाफ साझा लड़ाई में एकजुटता का प्रतीक है। भारत ने बांग्लादेश को सबसे ज्यादा भारत में निर्मित कोरोना वैक्सीन प्रदान की हैं। प्रधानमंत्री शेख हसीना के ‘कनेक्टिविटी इज प्रोडक्टिविटी’ के वाक्य को दोहराते हुए विदेश मंत्री ने कहा कि दोनों देशों के संबंधों की सभी संभावनाओं को संपर्क और लोगों के बीच के संबंधों से ही बेहतर ढंग से पहचाना जा सकता है। हिन्दुस्थान समाचार/अनूप




