नई दिल्ली, रफ्तार डेस्क । भारतीय सेना वायु रक्षा महानिदेशक लेफ्टिनेंट जनरल सुमेर इवान डी’कुन्हा ने सोमवार को ऑपरेशन सिंदूर पर एक बड़ा खुलासा किया है। इसके अलावा उन्होने भारत की सैन्य क्षमताओं और ताकत पर बातचीत की। देश की एकता, अखंडता और संप्रभुता की रक्षा के लिए भारत के पास पर्याप्त हथिहार और क्षमता पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि, भारत के पास पूरे पाकिस्तान में एक-एक टारगेट पर हमला करने की क्षमता है।
ऑपरेशन सिंदूर का जिक्र करते हुए उन्होने कहा कि पूरी पाकिस्तान भारत की तद में हैं। भारत जब चाहे, जहां चाहे आतंक के ठिकानों को निशाना बना सकता है, उसे ध्वस्त कर सकता है। उन्होने एक पॉडकास्ट में कहा, ‘पूरा पाकिस्तान जद में है।’ भले ही वे पाकिस्तानी सेना के जनरल मुख्यालय (GHQ) को रावलपिंडी से खैबर पख्तूनख्वा (KPK) जैसे क्षेत्रों में ट्रांसफर कर दें, लेकिन पूरा पाकिस्तान भारत के सर्कल में है।
‘हमारे पास पाक से लड़ने के लिए पर्याप्त हथियार’
लेफ्टिनेंट जनरल ने कहा कि, ऑपरेशन सिंदूर तहत की गई कार्रवाई में भारत के हमलों ने पाकिस्तानी एयरबेसों को सटीकता से निशाना बनाया और करारा प्रहार किया। एयर स्ट्राइक में लक्ष्यों को तबाह करने के लिए आधुनिक हथियारों का इस्तेमाल किया गया। उन्होंने कहा कि, ‘भारत के पास पाकिस्तान से पूरी गहराई में लड़ने के लिए पर्याप्त हथियार हैं। हम पूरी तरह सक्षम हैं, चाहे वह हमारी सीमाओं से हो या फिर हमारी गहराई से, हम पूरे पाकिस्तान से निपट सकते हैं।
लोइटरिंग म्यूनिशन का इस्तेमाल
‘ऑपरेशन सिंदूर’ तहत भारतीय सेना ने जवाबी आक्रमक कार्रवाई में अहम पाकिस्तानी एयरबेसों पर सटीकता हमला किया। इस दौरान टारगेट को सटीक निशाना बनाने के लिए लोइटरिंग म्यूनिशन (Loitering Munition) का इस्तेमाल किया गया। लोइटरिंग म्यूनिशन को आत्मघाती या कामीकेज ड्रोन्स के नाम से भी जाना जाता है। इनकी खासियत ये है कि ये अपने टारगेट के ऊपर आसमान में मंडराते रहते हैं और कमांड मिलते ही दुश्मन के ठिकाने को तबाह कर देते हैं।
‘हमारा काम अपनी संप्रभुता, अपने लोगों की रक्षा करना’
लेफ्टिनेंट जनरल ने आगे इस बात पर जोर दिया कि सशस्त्र बलों का प्रथम कर्तव्य देश की संप्रभुता और नागरिकों की रक्षा करना है। उन्होंने कहा, ‘सेना का काम देश् की संप्रभुता, नागरिकों की रक्षा करना है। हम अपनी मातृभूमि को इस हमले से बचाने में सक्षम हैं। दुश्मन का मकसद नागरिक ठिकानों और सैन्य ठिकानों को निशाना बनाने का प्रयास किया था। लेकिन ऐसा नहीं कर पाया। ऐसे में हम अपने नागरिका का भरोसे लिया है। लोगों को सेना पर गर्व है।
‘ऑपरेशन सिंदूर’ से जुड़े कुछ अहम तथ्य
लेफ्टिनेंट जनरल ने ऑपरेशन सिंदूर को लेकर कार्रवाई में इस्तेमाल हुए हथियार और सैन्य तैयारियों पर भी बात की। उन्होंने कहा कि इस ऑपरेशन ने भारत की एकीकृत कमान संरचनाओं का लोहा मनवाया। इससे विभिन्न सैन्य ताकतों के बीच एक जबर्दस्त निर्बाध समन्वय स्थापित हुआ। ऑपरेशन सिंदूर भारत के ‘शिशुपाल सिद्धांत’ को दिखाता है, जिसमें उकसावे की सीमा पार होने तक धैर्य रखना और उसके बाद निर्णायक कार्रवाई करना शामिल है।





