नई दिल्ली,रफ्तार डेस्क। राजधानी दिल्ली और आसपास के इलाकों में मार्च के महीने में ही लोगों को मई-जून जैसी गर्मी का एहसास होने लगा है। आम तौर पर इस समय जितना तापमान रहता है, उससे कई डिग्री अधिक तापमान दर्ज किया जा रहा है। तेज धूप और बढ़ती गर्मी के कारण दिन में लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
कई राज्यों में हीटवेव का अलर्ट
मौसम विभाग (IMD) ने 12 से 18 मार्च 2026 के बीच देश के कई राज्यों में हीटवेव और उमस भरी गर्मी का अलर्ट जारी किया है। पश्चिम और मध्य भारत के कई इलाकों में तापमान तेजी से बढ़ रहा है, जिससे कुछ जगहों पर लू चलने की स्थिति बन सकती है। विशेषज्ञों का कहना है कि मार्च के शुरुआती दिनों में ही इतनी गर्मी मौसम के असामान्य रुझान की ओर इशारा करती है। ऐसे में लोगों को दिन के समय धूप से बचने और ज्यादा पानी पीने की सलाह दी गई है।
दिल्ली-एनसीआर में पश्चिमी विक्षोभ का असर
मौसम विभाग के मुताबिक 14 से 16 मार्च के बीच एक नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हो सकता है। इसके असर से दिल्ली-एनसीआर में आंशिक बादल छा सकते हैं और हल्की बारिश की संभावना है। मौसम में इस बदलाव के कारण तापमान में थोड़ी गिरावट आ सकती है और लोगों को तेज गर्मी से कुछ राहत मिल सकती है।
अगले दो दिनों तक बनी रह सकती है गर्मी
मौसम विभाग के अनुसार फिलहाल अगले दो दिनों तक दिल्ली में गर्मी का असर बना रह सकता है। 13 मार्च को अधिकतम तापमान 33 से 35 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने का अनुमान है। हालांकि 15 मार्च के आसपास मौसम बदलने के बाद तापमान घटकर 30 से 32 डिग्री सेल्सियस के बीच रह सकता है।
सामान्य से काफी ज्यादा रहा तापमान
मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार 12 मार्च को दिल्ली में तापमान सामान्य से काफी अधिक दर्ज किया गया। सफदरजंग वेधशाला में अधिकतम तापमान 35.8 डिग्री सेल्सियस रहा, जो सामान्य से करीब 6.9 डिग्री ज्यादा था। वहीं न्यूनतम तापमान 18.2 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि पश्चिमी विक्षोभ के असर से आने वाले दिनों में तापमान में थोड़ी गिरावट देखने को मिल सकती है, जिससे लोगों को गर्मी से राहत मिल सकती है।




