नई दिल्ली, रफ्तार डेस्क। दिल्ली के केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अनुसार दिल्ली का AQI 251 पहुंच गया है। यह बहुत की खराब श्रेणी है। साथ ही राजधानी धुएं की मोटी लेयर में लिपट गई है। यहां पर लोगों का सांस लेना भई मुश्किल हो गया है। इंडिया गेट के पास AQI खराब श्रेणी में है, वो वहीं दूसरी ओर आनंद विहार का AQI 334 है जो जो बेहद खराब की श्रेणी में आता है।
शुक्रवार को भी खराब थी वायु गुणवत्ता
दिल्ली में एयर की गुणवत्ता लगातर खराब होती जा रही है। शुक्रवार को का एयर क्वालिटी इंडेक्स 293 पर पहुंच गया था जो खराब श्रेणी में आता है। विशेषज्ञों का कहना है कि स्थिति और अधिक खराब होने के आसार की संभावना जताई गई थी। जिसकी रविवार तक और खराब होने की संभावना है।
गुरुवार को एयर गुणवत्ता सूचकांक 285 अंक पर था
केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अनुसार गुरुवार को दिल्ली का औसत एयर गुणवत्ता सूचकांक 285 अंक पर था। इस स्तर की एयर को खराब श्रेणी में रखा जाता है। गुरुवार से पहले ये स्तर 230 के अंक पर था। हालांकि दिल्ली में स्थिति बहुत खराब है। 13 मॉनिटरिंग सेंटरों में एयर क्वालिटी का स्तर 300 से ऊपर यानी बेहद खराब श्रेणी में पहुंच गया है।
पराली जलाने के कारण स्थिति और अधिक खराब हो सकती है
आने वाले दिनों में पराली जलाने के कारण स्थिति और खराब हो सकती है। खराब एयर गुणवत्ता के मद्देनजर दिल्ली प्रदूषण नियंत्रण समिति ने 1 जनवरी, 2025 तक राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र दिल्ली में सभी प्रकार के पटाखों के बनाने, स्टोर करने, बेचने, ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के माध्यम से डिलीवरी सहित और फोड़ने पर रोक लगा दी है। यह दिल्ली सरकार के 21 पॉइंट विंटर एक्शन प्लान का भाग है। इतना ही नहीं यमुना के पानी में भी सफेद झाग आने लगे है। दिल्ली की हवा के साथ पानी भी प्रदूषित हो गया है।
उल्लेखनीय है कि दिल्ली में प्रदूषण दिन प्रतिदिन बढ़ता ही जा रहा है जिस कारण एयर की गुणवत्ता खराब हो रही है। इसके मद्देनजर GRAP स्टेज 1 को लागू कर दिया गया है। यह चार चरणों में वर्गीकृत किया जाता है- स्टेज I – ‘खराब’ (AQI 201-300), स्टेज II – ‘बहुत खराब’ (AQI 301-400), स्टेज III – ‘गंभीर’ (AQI 401-450), स्टेज IV – ‘गंभीर प्लस’ (AQI >450)।





