नई दिल्ली,रफ्तार डेस्क। लोकसभा में बजट पर चर्चा के दौरान समाजवादी पार्टी प्रमुख और कन्नौज से सांसद अखिलेश यादव ने केंद्र सरकार को घेरा। उन्होंने भारत-अमेरिका ट्रेड डील पर सवाल उठाते हुए कहा कि अगर यही समझौता करना था तो 11 महीने का इंतजार क्यों कराया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार ने एक बार फिर देश का बाजार खोल दिया, जिससे आत्मनिर्भरता और स्वदेशी पर असर पड़ सकता है।
”किसानों को MSP की कानूनी गारंटी नहीं”
अखिलेश यादव ने कहा कि किसानों के मुद्दे पर सरकार गंभीर नहीं है। उन्होंने कहा कि आज भी किसानों को न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) की कानूनी गारंटी नहीं मिली है। उनका आरोप था कि बजट में किसानों और आम जनता के लिए ठोस योजनाएं नजर नहीं आतीं।
यूपी के पहले दूध प्लांट के बंद होने का मुद्दा
सपा प्रमुख ने उत्तर प्रदेश का जिक्र करते हुए कहा कि राज्य का पहला दूध प्लांट बंद हो गया है, जो किसानों और डेयरी सेक्टर के लिए बड़ा झटका है। उन्होंने दावा किया कि किसानों की आय दोगुनी करने का वादा भी पूरा नहीं हुआ।
”पीएम ने गोद लिए गांव को अनाथ छोड़ा”
अखिलेश यादव ने प्रधानमंत्री मोदी की योजनाओं पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि जिन गांवों को प्रधानमंत्री ने गोद लिया था, वहां विकास की रफ्तार दिखाई नहीं देती और गांव खुद को ‘अनाथ’ महसूस कर रहे हैं। बजट पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि महंगाई बढ़ने के बावजूद टैक्स में राहत नहीं दी गई, जिससे मध्यम वर्ग खुद को ठगा हुआ महसूस कर रहा है। उनका आरोप था कि सरकार के बजट से सिर्फ कुछ खास लोगों को फायदा मिलता है। अखिलेश यादव ने कहा कि सरकार के पास 2047 तक विकसित भारत बनाने का स्पष्ट विजन नहीं दिखता। उन्होंने गंगा और यमुना की स्थिति पर भी चिंता जताते हुए कहा कि पर्यावरण और बुनियादी मुद्दों पर ठोस काम नहीं हुआ है।





