सतना, 14 जून (हि.स.)। शहर मे स्वच्छता सर्वेक्षण के तहत पूरे शहर में गीला और सूखा कचरा डालने के लिए प्लास्टिक के डस्टबिन लगाएँ गए थे। जिसमे करोड़ो रुपये खर्च किए गए थे। पर शहर में डस्टबिन दिख ही नहीं रहे हैं। केन्द्र सरकार के स्वच्छ भारत मिशन के तहत नगर को स्वच्छ व साफ सुथरा बनाए रखने के लिए निगम द्वारा पिछले साल शहरभर में प्लास्टिक के डस्टबिन लगवाए गए थे। अब यह डस्टबिन गायब कर दिए गए हैं या टोड़ दिए गए हैं जिसके कारण सड़कों पर कचरा फैलने लगा है हैरत की बात तो यह है कि अधिकांश डस्टबिन मुख्य बाजारों में दुकान चौराहों सहित आवासी कॉलोनी के आसपास लगे हुए थे जिसकी सुरक्षा की नैतिक जिम्मेदारी नगर वासियों के साथ-साथ नगर निगम और पुलिस प्रशासन की भी थी और किसी के द्वारा अपने इस दायित्व का निर्वहन नहीं किया गया। नगर को साफ सुथरा बनाने पर पिछले कई सालों से तरह तरह के जतन किए जा रहे हैं हर साल करोड़ों रुपए भी खर्च हो रहे हैं स्वच्छता सर्वेक्षण के नाम पर बह रही गंगा में हर कोई हाथ होना चाहता है। यही कारण है कि शहर से सारे डस्टबिन गायव हो रहे है। हिन्दुस्थान समाचार/श्याम/राजू




