नई दिल्ली,रफ्तार डेस्क। गुरुवार, 2 अप्रैल 2026 को भारतीय शेयर बाजार में बड़ी गिरावट देखने को मिली। हफ्ते के चौथे कारोबारी दिन बाजार की शुरुआत ही कमजोर रही, जिसके बाद गिरावट और तेज होती चली गई। इस गिरावट से निवेशकों में चिंता का माहौल बन गया है।
सेंसेक्स और निफ्टी की कमजोर शुरुआत
30 शेयरों वाला BSE Sensex 872 अंक की गिरावट के साथ 72,262 के स्तर पर खुला। वहीं NSE Nifty 50 भी 296 अंक गिरकर 22,383 के स्तर पर ओपन हुआ। सुबह करीब 9:20 बजे तक गिरावट और बढ़ गई सेंसेक्स 1400 अंक से ज्यादा टूटकर 71,700 के आसपास पहुंच गया निफ्टी 450 अंक गिरकर 22,200 के करीब ट्रेड करने लगा आज के कारोबार में ज्यादातर शेयरों में गिरावट देखने को मिली। बाजार में बिकवाली का दबाव साफ नजर आया। सन फार्मा, इंडिगो, अडानी पोर्ट, एलएंडटी HCL टेक के शेयरों में हल्की तेजी देखने को मिली
एक दिन पहले दिखी थी तेजी
इससे पहले बुधवार, 1 अप्रैल को बाजार में जोरदार तेजी देखने को मिली थी। BSE Sensex 1186 अंक चढ़कर 73,134 पर बंद हुआ था NSE Nifty 50 348 अंक की बढ़त के साथ 22,679 पर बंद हुआ था
उस दिन बाजार में ज्यादातर सेक्टर हरे निशान में थे।
गिरावट की वजह क्या?
विशेषज्ञों के अनुसार बाजार में गिरावट के पीछे कई कारण हो सकते हैं: ग्लोबल मार्केट से कमजोर संकेत मुनाफावसूली (Profit Booking) निवेशकों की सतर्कता अंतरराष्ट्रीय आर्थिक अनिश्चितता बाजार में उतार-चढ़ाव सामान्य है, इसलिए घबराने के बजाय सोच-समझकर निवेश करें। एक्सपर्ट्स का मानना है कि लंबी अवधि के निवेशकों को ऐसे समय में संयम रखना चाहिए। 2 अप्रैल 2026 को शेयर बाजार में आई इस बड़ी गिरावट ने निवेशकों को झटका जरूर दिया है, लेकिन बाजार में उतार-चढ़ाव का दौर जारी रह सकता है। आने वाले दिनों में बाजार की दिशा ग्लोबल संकेतों और आर्थिक हालात पर निर्भर करेगी।




