नयी दिल्ली, 4 मार्च (आईएएनएस)। अंतराष्ट्रीय स्तर पर कच्चे तेल की कीमतों में आये जबरदस्त उछाल, कमोडिटी की बढ़ती कीमत के साथ मुद्रास्फीति दर बढ़ाती मौद्रिक और वित्तीय नीतियों के कारण पीली धातु में निवेश को बढ़ावा मिल रहा है। क्वोंटम म्युचुअल फंड ने अपनी रिपोर्ट में कहा है कि बढ़ती महंगाई के साथ कदमताल करने के लिये निवेशकों का रूझान सुरक्षित निवेश में बढ़ रहा है। बढ़ते चालू खाता घाटा और वैश्विक वित्तीय बाजार की मौजूदा हालत भारतीय मुद्रा पर अधिक दबाव दे सकते हैं और ऐसे माहौल में निवेशक पीली धातु में निवेश को बेहतर मानते हैं। फरवरी में पीली धातु में निवेश बढ़ा और इसके दाम एक साल के उच्चतम स्तर 1,970 डॉलर प्रति औंस पर पहुंच गये लेकिन अंत में यह करीब 1,900 डॉलर प्रति औंस पर स्थिर हुआ। जोखिम भरे निवेश से निवेशकों के कतराने ,बढ़ती महंगाई और भू-राजनीतिक तनावों ने सोने की कीमतों को मजबूती दी है। सोने में निवेश को सुरक्षित माना जाता है और अनिश्चितता के माहौल में निवेशक इसमें निवेश को अधिक तरजीह देने लगते हैं। रिपोर्ट में कहा गया है कि अमेरिकी फेडरल रिजर्व द्वारा मौद्रिक नीति में सख्त रुख अपनाने से सोने के दाम पर लगाम लग सकती है। –आईएएनएस एकेएस/आरजेएस




