नई दिल्ली रफ्तार डेस्क। नियाभर के फिल्म प्रेमियों की नजरें इन दिनों कान्स फिल्म फेस्टिवल (Cannes Film Festival) पर टिकी हुई हैं। कल मंगलवार 12 मई से प्रतिष्ठित कान्स फिल्म फेस्टिवल (Cannes Film Festival) का आगाज होने जा रहा है। यह फिल्म फेस्टिवल 23 मई तक चलेगा। इसमें भारतीय फिल्म जगत की कई दिग्गज हस्तियां भी हिस्सा लेने वाली हैं। कई चर्चित चेहरे अलग-अलग श्रेणियों में फिल्म फेस्टिवल में रौनक बिखरेंगे। इस फेस्टिवल को कब और कहां देखा जा सकता है? जानिए पूरी डिटेल।
कब शुरू होगा, कब और कहां देख सकेंगे?
कान्स फिल्म फेस्टिवल (Cannes Film Festival) का आयोजन फ्रांस के कान में होता है। इस फिल्म फेस्टिवल की शुरुआत साल 1946 से हुई। प्रतिष्ठित 79वां कान्स फिल्म महोत्सव 12 मई से 23 मई तक आयोजित किया जाएगा। इन 12 दिनों में इस फेस्टिवल में कुछ ग्रैंड फिल्म स्क्रीनिंग की जाएगी। वहीं, कुछ हस्तियां रेड कार्पेट पर जलवा दिखाएंगी। दर्शक इस फिल्म फेस्टिवल को कान के ऑफिशियल यूट्यूब चैनल पर दोपहर 13 मई दोपहर 2:30 बजे से लाइव देख् सकेंगे। वहीं ओपनिंग सेरेमनी रात 10:45 बजे शुरू होगी।
इस इवेंट में सजेगा बॉलीवुड सितारों का मेला
Cannes Film Festival हमेशा से ही सिनेमा और फैशन के अनूठे मिलन का गवाह रहा है। इस साल ऐश्वर्या राय बच्चन, आलिया भट्ट और अदिति राव हैदरी के अलावा फिल्ममेकर करण जौहर, और तारा सुतारिया, मोनी रॉय और पूजा बत्रा भी इस ग्लोबल इवेंट में हिस्सा लेते नजर आएंगी। भारतीय सितारों ने समय-समय पर अपनी शानदार मौजूदगी से दुनिया भर का ध्यान आकर्षित किया है और इस बार भी उम्मीदें काफी ऊंची हैं। ऐश्वर्या राय बच्चन, जो दशकों से कान्स का एक अनिवार्य हिस्सा रही हैं, एक बार फिर इस गौरवशाली सफर का हिस्सा बनेंगी।
कान्स फिल्म फेस्टिवल कब हुआ शुरू?
कान्स फिल्म फेस्टिवल की शुरुआत करीब 80 साल पहले, साल 1946 में हुई थी। दूसरे विश्व युद्ध के बाद दुनिया में कला और संस्कृति को नई पहचान देने के उद्देश्य से फ्रांस ने इस फिल्म समारोह की शुरुआत की थी। दरअसल, उस दौर में इटली का वेनिस फिल्म फेस्टिवल काफी फेमस था, लेकिन उस पर राजनीतिक प्रभाव के आरोप लगते थे। ऐसे में फ्रांस ने एक ऐसे इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल की नींव रखी।
पहला कान्स फिल्म फेस्टिवल सितंबर 1946 में आयोजित हुआ था. धीरे-धीरे यह आयोजन दुनिया का सबसे बड़ा फिल्म फेस्टिवल बन गया।
अब स्थिति ऐसी हो गई है कि किसी फिल्म का कान्स में चुना जाना ही उसके लिए दुनियाभर में पहचान की गारंटी माना जाता है।
कान्स में पहली बार दिखाई गई यह भारतीय फिल्म
1946 में जब कान की शुरुआत हुई थी तभी से भारतीय फिल्में वहां दिखाई जाने लगी थीं। कान में सबसे पहले भारतीय फिल्म ‘नीचा नगर’ दिखाई गई थी। फिल्म ‘नीचा नगर’ ने पहली बार अपनी उपस्तिथि कान में दर्ज कराई थी। इस फिल्म को ‘ग्रांड प्रिक्स डू फेस्टिवल इंटरनेशनल डू फिल्म’ के अवार्ड से नवाजा गया था। बता दें कि ग्रांड प्रिक्स कान फिल्म फेस्टिवल का एक पुरस्कार है, जो प्रतिस्पर्धी फीचर फिल्मों में से एक को फेस्टिवल की ज्यूरी द्वारा दिया जाता है।





