चेन्नई, 19 सितम्बर (आईएएनएस)। विदुथलाई चिरुथैगल काची (वीसीके) राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (एनईईटी) के खिलाफ विरोध मार्च निकालने की योजना बना रहा है। पार्टी नेता और सांसद थोल थिरुवमावलवन ने आईएएनएस को बताया कि नीट ने वर्तमान शैक्षणिक वर्ष में तीन छात्रों सहित कई छात्रों की जान ले ली है और राज्य के सामाजिक कार्यकर्ता और राजनीतिक नेता इसे बेबसी से नहीं देख सकते। उन्होंने आईएएनएस को यह भी बताया, हम तमिलनाडु सरकार द्वारा राज्य विधानसभा में पारित नीट को हटाने की मांग वाले विधेयक को मंजूरी नहीं देने पर केंद्र के खिलाफ राज्य भर में विरोध मार्च करेंगे। उन्होंने यह भी कहा कि एनईईटी एक ग्रामीण और शहरी विभाजन पैदा कर रहा है, जिसमें शहरी छात्र न केवल परीक्षा का लाभ प्राप्त कर रहा है, बल्कि प्रवेश कोचिंग संस्थानों तक भारी शुल्क का भुगतान कर रहा है। सामाजिक समानता और दलितों के उत्थान के लिए कई संघर्षों में सबसे आगे रहे वीसीके ने राष्ट्रपति से राज्य विधानसभा में तमिलनाडु सरकार द्वारा पेश किए गए विधेयक को मंजूरी देने का भी अनुरोध किया है। वरिष्ठ नेता ने तमिलनाडु सरकार से उस छात्रा को चिकित्सा सहायता और वित्तीय सहायता प्रदान करने का भी आह्वान किया, जिसने नीट में अच्छा प्रदर्शन नहीं करने के डर से चेंगलपट्ट में आत्मदाह करने की कोशिश की और 60 प्रतिशत तक जल गई। थोल थिरुवामावलवन ने यह भी कहा कि पार्टी नरेंद्र मोदी सरकार की जनविरोधी नीतियों के खिलाफ सोमवार को राज्य भर में काला झंडा विरोध मार्च निकालेगी। –आईएएनएस आरएचए/आरजेएस




