नई दिल्ली/रफ्तार डेस्क। BSP सुप्रीमो मायावती ने गेस्ट हाउस का जिक्र करते हुए कांग्रेस और समाजवादी पार्टी को निशाने पर लिया है। मायावती ने BJP की तरफ नरम रुख अपनाते हुए कांग्रेस और सपा पर आरोप लगाते हुए पूछा कि गेस्ट हाउस कांड में सपा समर्थित गुंड़ों पर कार्रवाई करने पर कांग्रेस ने चुप्पी क्यों साध रखी थी। केन्द्र सरकार में होते हुए भी कांग्रेस ने समय रहते अपना दायित्व नहीं निभाया।
कांग्रेस पर क्यों भड़की मायावती?
मायावती इन दिनों काफी एक्टिव नजर आ रही हैं। उन्होंने सोमवार को X पर ट्वीट करके कांग्रेस पर कड़े सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा- खुद को दलित हितैषी बताने वाली कांग्रेस 1995 में उस समय चुप क्यों थी, जब समर्थन वापसी के कारण गेस्ट हाउस कांड में मुझपर जानलेवा हमला किया गया था। केंद्र में रहते हुए भी कांग्रेस ने चुप्पी साध रखी थी।
BJP के प्रति दिखाया नरम रवैया
गेस्ट हाउस कांड को लेकर मायावती शुरुआत से ही बीजेपी पर नरमी बरतती दिखाई देती हैं। सोमवार को किए गए ट्वीट में भी उन्होंने उस जानलेवा हमले में बीजेपी की तारीफ करते हुए कहा कि बीजेपी समेत पूरे विपक्ष ने उनका साथ दिया लेकिन कांग्रेस सरकार मे रहते हुए भी चुप थी। कांग्रेस राष्ट्रपति शासन लगाकर सरकार चलाने की जुगत में लगी थी।
क्या था गेस्ट हाउस कांड, जिसके बाद बढ़ गई थी मायावती-मुलायम की दूरियां
आपसी मनमुटाव के बाद मायावती ने 2 जून 1995 को मुलायम सरकार से समर्थन वापस ले लिया था। इससे सपा समर्थकों में नाराजगी बढ़ती चली गई और बात यहां तक पहुंच गई कि जब मायावती लखनऊ के गेस्ट हाउस में मीटिंग कर रही थी तभी अचानक सपा के कार्यकर्ताओं और विधायकों ने वहां धावा बोल दिया। आरोप तो यह भी है कि मायावती के साथ अभद्रता भी की गई थी। इसके बाद लंबे समय तक मायावती और मुलायम सिंह में राजनीतिक अदावत चलती रही।





