नई दिल्ली, रफ्तार डेस्क । आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) प्रमुख और यूपी की नगीना सीट से लोकसभा सांसद चंद्रशेखर आजाद की मुश्किले बढ़ती नजर आ रही है। उन पर पीएचडी स्कॉलर डॉ. रोहिणी घावरी ने गंभीर आरोप लगाए हैं, जिसमें बाद वो लगातार सवालों के घेरे में बने हुए हैं।
इस बीच, रोहिणी ने अब अपनी शिकायत को लेकर पीएम मोदी को पत्र लिखकर न्याय की गुहार लगाई है, जिसमें उन्होंने चंद्रशेखर पर कई गंभीर लगाए हैं। रोहिणी घावरी ने नगीना सांसद पर आरोप लगाते हुए पीएम मोदी को चिट्ठी में लिखा है।
अपने लेटर में रोहिणी ने लिखा कि- ‘मैंने भारत की बेटी होने के नाते विश्व पटल पर हमेशा अपने देश का सम्मान बढ़ाने का हरसंभव प्रयास किया लेकिन अब बात न्याय , आत्मसम्मान ,स्वाभिमान की है मैं चाहती हूं मेरे साथ न्याय हो !! मैंने अपनी शिकायत राष्ट्रीय महिला आयोग, कमिश्नर दिल्ली पुलिस को भेज दी है लेकिन अभी तक कोई कार्रवाई नहीं हुई है।
रोहिणी ने कहा कि, इस हादसे के बाद मैं पूरी तरह से बर्बाद हो चुकी हूं। और समाज के ठेकेदार एक महिला को ही अपमानित कर रहे हैं!! लंबे समय तक डर, डिप्रेशन, अवसाद में रहने के बाद अब इतनी हिम्मत की है की मैं लड़ सकूं न्याय और सम्मान के लिए यह लड़ाई लाखों, करोड़ों महिलाओं के आत्मसम्मान की है।
दोषी पुरुष पर कोई कार्रवाई नहीं हुई
उन्होंने अपने खत में आगे कहा कि आखिर यह कैसी व्यवस्था है जहां एक महिला को अपमानित करने के लिए रखैल ,वैश्या जैसे शब्दों का इस्तेमाल किया जाता है लेकिन दोषी पुरुष के लिए कोई शब्द नहीं, कोई सजा नहीं। पीएम मोदी जी आप से मेरी प्रार्थना है कि, मुझे न्याय दिलाया जाए। मैंने शिकायत सभी जगह भेज दी है। मुझे पूरा विश्वास है अपने देश के कानून पर। ‘
महिला आयोग से भी की शिकायत
रोहिणी घावरी ने इस मामले की शिकायत पुलिस से लेकर महिला आयोग तक की है। जिसमें उन्होंने चंद्रशेखर आजाद पर जबरन शारीरिक यौन संबंध बनाने, शादी का झूठा वादा करके उनका शारीरिक व मानसिक शोषण करने, विरोध करने पर जान से मारने और निजी तस्वीरें व वीडियो वायरल करने की धमकी देने का आरोप लगाया है।




