नई दिल्ली,रफ्तार डेस्क। 3 जून 2025 को IPL का फाइनल जीतकर रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु ने पहली बार ट्रॉफी अपने नाम की। बेंगलुरु में टीम के सम्मान में विक्ट्री परेड का आयोजन किया गया, लेकिन इस खुशी के माहौल में भयानक भगदड़ मच गई, जिसमें 11 लोगों की दर्दनाक मौत हो गई।
हाईकोर्ट ने लिया स्वतः संज्ञान, आज 2:30 बजे सुनवाई
इस दर्दनाक हादसे को देखते हुए कर्नाटक हाईकोर्ट ने खुद से संज्ञान लिया और मामले की आज 5 जून दोपहर 2:30 बजे सुनवाई तय की है। यह सुनवाई कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश वी. कामेश्वर राव और न्यायमूर्ति सी.एम. जोशी की पीठ के सामने होगी। कोर्ट ने सरकार से पूछा है कि घटना कैसे हुई और अब तक क्या कार्रवाई की गई।
RCB, BCCI और सरकार ने झाड़ा पल्ला
इस घटना के बाद सबसे बड़ी बात यह रही कि RCB, BCCI और कर्नाटक सरकार – तीनों ने ही इस हादसे की जिम्मेदारी लेने से इनकार कर दिया। RCB और कर्नाटक क्रिकेट संघ (KSCA) ने कहा कि यह आयोजन उनका निजी फैसला था। वहीं सरकार ने कहा कि हमने न तो कोई आयोजन किया और न ही इसे मंजूरी दी।
गृहमंत्री का बयान – “हमने आयोजन नहीं किया”
कर्नाटक के गृहमंत्री जी. परमेश्वरा ने सफाई देते हुए कहा: “RCB या KSCA ने खुद आयोजन किया। हमने कोई निर्देश नहीं दिया था। लेकिन यह बेंगलुरु की टीम है, इसलिए हमने सोचा कि सरकार को टीम का सम्मान करना चाहिए, इसलिए शामिल हुए।
संबित पात्रा का आरोप – “12 घंटे में किया गया खराब इंतजाम”
BJP सांसद संबित पात्रा ने कर्नाटक सरकार को घेरा और कहा: “BCCI और IPL चेयरमैन ने कहा कि उन्हें इस आयोजन की जानकारी तक नहीं थी।” “पहले भी जीत के बाद परेड होती रही हैं, लेकिन इस बार केवल 12 घंटे में पूरी योजना बनाई गई, जिससे अफरा-तफरी मच गई और 11 लोगों की जान चली गई।” उन्होंने कहा कि इस बार मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री ने जल्दबाजी में दबाव बनाकर परेड कराई, जिससे प्रशासन को पर्याप्त तैयारी का मौका नहीं मिला।
अब हाईकोर्ट मांगेगा जवाब
अब सबकी नजरें कर्नाटक हाईकोर्ट की सुनवाई पर टिकी हैं। कोर्ट यह जानना चाहता है कि इतनी बड़ी घटना कैसे हुई? और किसकी लापरवाही से 11 लोगों की जान चली गई? RCB की ऐतिहासिक जीत का जश्न एक मौत का मंजर बन गया। राजनीति, प्रशासन और क्रिकेट बोर्ड की लापरवाही ने कई परिवारों को उजाड़ दिया। अब हाईकोर्ट की सख्ती से उम्मीद है कि सच सामने आएगा और दोषियों पर कार्रवाई होगी।




