नई दिल्ली, रफ्तार डेस्क । अहमदाबाद में हुए एयर इंडिया विमान हादसे से पूरा देश सदमे है। इस दर्दनाक हादसे के बाद देश-विदेश से कई राजनीतिक दल, नेताओं ने दुख जताया है। और भारत को हर संभव मदद का भरोसा दिया है। रनवे से तेज रफ्तार से टेकऑफ करते समय विमान सीधा हादसे को शिकार हो गया। विमान अस्पताल के हॉस्टल की बिल्डिंग में जा घुसा। और तेज धमाके, आग, धुआं और चीखों के बीच हर कोई सदमे में था। इस दर्दनाक घटना में जहां 265 लोगों की मौत हो गई, वहीं, इस भयावह हादसे एक चमत्कारिक रूप से रमेश विश्वास कुमार जिंदा बच गए। जहां पीएम मोदी ने आज उनसे मुलाकात कर उनके स्वास्थ्य के बारे में जानकारी ली।
‘एकदम से ग्रीन और व्हाइट लाइट्स ऑन, कुछ समझ नही पाया’
अहमदाबाद हादसे में बाल-बाल बचे विश्वास कुमार ने एक मीडिया चैनल को इस पूरे दर्दनाक हादसे का आपबीती सुनाई, उन्होंने बताया कि प्लेन जैसे ही रनवे पर रफ्तार पकड़ने लगा, तभी कुछ अजीब-सा लगा। अचानक 5-10 सेकंड के लिए सब जैसे रुक गया था। फिर एकदम से ग्रीन और व्हाइट लाइट्स ऑन हो गईं। लगा था की टेकऑफ के लिए पायलट ने पूरा जोर लगा दिया हो। बस फिर क्या था वो तेज गति विमान सीधा एक इमारत में जा घुसा।
‘मैं जिस साइड में बैठा था, वही नीचे वाला हिस्सा था’
विश्वास ने इस भयावह कहानी को बयां करते हुए कहा कि, मेरी सीट प्लेन के जिस हिस्से में थी, वो बिल्डिंग के निचले हिस्से से टकराया होगा। ऊपर के हिस्से में आग लग गई थी, कई लोग वहीं फंसे रह गए। शायद मैं सीट सहित नीचे गिर गया था। मैं जैसे-तैसे बाहर निकला, बाहर का गेट टूट गया था, और सामने कुछ खाली जगह दिखी, तो निकलने की कोशिश की।
वे बताते हैं कि, मै जिस साइड से निकला उसके दूसरी साइड पर दीवार थी, वहां से शायद कोई नहीं निकल सका। रमेश विश्वास ने बताया कि उनकी आंखों के सामने ही दो एयर होस्टेस, एक अंकल-आंटी और सबकुछ जल रहा था। इस हादसे में विश्वास का बायां हाथ बुरी तरह जल गया, लेकिन जान बच गई। वह बताते हैं कि जैसे ही बाहर आया, आग फैल रही थी। कुछ सेकंड और देर होती तो शायद…
भाई भी साथ कर रहा था सफर
ब्रिटेन के लेस्टर निवासी रमेश विश्वास और अजय दो भाई थे। दोनों साथ में इस विमान में सफर कर रहे थे। लंदन में विश्वास के परिवार के सदस्य एक भाई नयन ने बताया, हमारी विश्वास से बात हुई थी, वह अस्पताल में हैं और फिलहाल ठीक हैं। लेकिन दूसरे भाई अजय के बारे में कुछ भी पता नहीं है। हम लगातार जानकारी मिलने का इंतजार कर रहे हैं।उन्होंने कहा, हम अगली फ्लाइट से भारत रवाना हो रहे हैं। बस यही उम्मीद है कि जैसे विश्वास सुरक्षित हैं, अजय के बारे में भी कोई अच्छी खबर मिले।
माता- पिता और पत्नी सदमे में –
जब उनसे पूछा गया कि विश्वास ने हादसे के बारे में क्या बताया, तो उन्होंने कहा, उन्हें भी नहीं पता कि ये विमान हादसा कैसे हुआ। उन्होंने बस इतना कहा कि मुझे नहीं मालूम मैं कैसे बचा। रमेश के जिंदा बचने से परिवार को संतोष है तो वहीं अजय के लापता होने पर परेशान है। पिता और माता के साथ विश्वास की पत्नी भी गहरे सदमे में हैं।







