नई दिल्ली,रफ्तार डेस्क। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी शनिवार को इंदौर दौरे पर पहुंचे। दौरे की शुरुआत उन्होंने शहर के बॉम्बे हॉस्पिटल से की, जहां उन्होंने दूषित पानी के कारण बीमार पड़े मरीजों से मुलाकात की। राहुल गांधी ने अस्पताल में भर्ती चार मरीजों का हाल जाना और उनके परिजनों से बातचीत कर उनकी परेशानियां सुनीं। इसके बाद राहुल गांधी दूषित पेयजल से प्रभावित भागीरथपुरा इलाके में पहुंचे, जहां उन्होंने पीड़ित परिवारों से मुलाकात की और हालात की जानकारी ली। इस दौरान उनके साथ नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी और प्रदेश प्रभारी हरीश चौधरी भी मौजूद रहे।
कांग्रेस का दावा, 24 लोगों की मौत
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने दावा किया है कि भागीरथपुरा में दूषित पेयजल के कारण अब तक 24 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 8 से 10 मरीजों की हालत गंभीर बनी हुई है। पटवारी ने कहा कि उल्टी-दस्त के प्रकोप ने इलाके में भयावह स्थिति पैदा कर दी है। उन्होंने बताया कि राहुल गांधी इसी मुद्दे को लेकर इंदौर आए हैं ताकि पीड़ितों से सीधे मुलाकात कर सच्चाई सामने लाई जा सके।
दूषित पानी को बताया ‘धीमा जहर’
जीतू पटवारी ने दूषित पेयजल को ‘धीमा जहर’ करार देते हुए कहा कि इससे लोगों की किडनी और अन्य अंगों को गंभीर नुकसान पहुंच रहा है। उन्होंने दावा किया कि पूरे मध्यप्रदेश में करीब 70 प्रतिशत पानी पीने लायक नहीं है, जो बेहद चिंता का विषय है। पटवारी ने कहा कि दूषित पेयजल की समस्या पर समाधान निकालने के लिए राहुल गांधी की मौजूदगी में बुद्धिजीवियों, पर्यावरणविदों और नगर निगम पार्षदों का सम्मेलन आयोजित करने की योजना थी, लेकिन प्रशासन ने इसकी अनुमति नहीं दी। अब यह सम्मेलन बाद में आयोजित किया जाएगा। मौतों के आंकड़ों को लेकर सरकार और कांग्रेस के दावों में अंतर है। राज्य सरकार ने मध्यप्रदेश हाईकोर्ट की इंदौर पीठ में पेश रिपोर्ट में बताया कि उल्टी-दस्त के प्रकोप से पांच माह के बच्चे समेत 7 लोगों की मौत हुई है। वहीं, शासकीय महात्मा गांधी स्मृति चिकित्सा महाविद्यालय की डेथ ऑडिट रिपोर्ट में संकेत मिले हैं कि 15 मौतें किसी न किसी रूप में इस प्रकोप से जुड़ी हो सकती हैं।





