back to top
29.1 C
New Delhi
Thursday, March 12, 2026
spot_imgspot_imgspot_imgspot_img

चीनी नागरिकों को धोखाधड़ी से वीजा दिलाने में मदद करने पर कार्ति के दोस्त को ट्रांजिट रिमांड पर भेजा

नई दिल्ली, 18 मई (आईएएनएस)। कार्ति चिदंबरम का करीबी दोस्त एस. भास्कर रमन को केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने चेन्नई से गिरफ्तार किया है। नियमों की धज्जियां उड़ाते हुए उसे वहां की एक स्थानीय अदालत में पेश किया गया, जहां से उसे ट्रांजिट रिमांड पर भेज दिया गया। भास्कर रमन को दिल्ली लाए जाने के बाद राउज एवेन्यू कोर्ट में पेश किया जाएगा। सीबीआई मामले में उनकी दो सप्ताह की हिरासत की मांग करने को तैयार है। जांच एजेंसी ने मंगलवार को कार्ति के पिता पूर्व केंद्रीय गृह मंत्री पी चिदंबरम के घर समेत देश भर में 10 जगहों पर छापेमारी की थी। एक दिन पहले चिदंबरम ने सीबीआई के कदम की आलोचना करते हुए कहा था कि प्राथमिकी में उनका नाम नहीं है। सीबीआई के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि कार्ति चिदंबरम और भास्कर रमन को निजी फर्मों सहित अन्य लोगों के साथ आरोपी बनाया गया था। कहा जा रहा है कि वरिष्ठ चिदंबरम ने कथित तौर पर उनकी मदद की थी। प्राथमिकी के अनुसार, एक मनसा (पंजाब) स्थित निजी फर्म, तलवंडी साबो पावर लिमिटेड ने एक बिचौलिए की मदद ली और कथित तौर पर चीनी नागरिकों के लिए वीजा जारी करने के लिए 50 लाख रुपये का भुगतान किया, जो इसे समय सीमा से पहले एक परियोजना को पूरा करने में मदद करेगा। सीबीआई अधिकारी ने कहा, निजी फर्म 1980 मेगावाट का थर्मल पावर प्लांट स्थापित करने की प्रक्रिया में थी और इसे एक चीनी कंपनी को आउटसोर्स किया गया था। परियोजना समय से पीछे चल रही थी। देरी के लिए दंडात्मक कार्रवाई से बचने के लिए, निजी कंपनी अधिक से अधिक चीनी पेशेवरों को जिला मनसा में अपनी साइट पर लाने की कोशिश कर रही थी और गृह मंत्रालय द्वारा लगाई गई सीमा के ऊपर परियोजना वीजा की आवश्यकता थी। अधिकारी ने कहा कि इस उद्देश्य के लिए, निजी कंपनी के प्रतिनिधि ने अपने करीबी सहयोगी के माध्यम से चेन्नई स्थित एक व्यक्ति से संपर्क किया और इसके बाद उन्होंने चीनी कंपनी के अधिकारियों को आवंटित 263 परियोजना वीजा के दोबारा उपयोग की अनुमति देकर अधिकतम सीमा (कंपनी के संयंत्र के लिए अनुमत परियोजना वीजा की अधिकतम संख्या के लिए) के आसपास जाने के लिए एक पिछले दरवाजे का रास्ता तैयार किया। मनसा स्थित निजी कंपनी के प्रतिनिधि ने गृह मंत्रालय को एक पत्र सौंपकर इस कंपनी को आवंटित परियोजना वीजा के पुन: उपयोग के लिए मंजूरी मांगी, जिसे एक महीने के भीतर मंजूरी मिल गई। सीबीआई अधिकारी ने कहा, चेन्नई स्थित व्यक्ति द्वारा अपने करीबी सहयोगी के माध्यम से कथित तौर पर 50 लाख रुपये की रिश्वत की मांग की गई थी, जिसे मनसा स्थित निजी कंपनी द्वारा भुगतान किया गया था। रिश्वत का भुगतान निजी कंपनी से चेन्नई में व्यक्ति और उसके करीबी को किया गया था। यह आरोप लगाया गया है कि वरिष्ठ चिदंबरम ने नियमों की धज्जियां उड़ाकर चीनी नागरिकों को वीजा दिलाने में मदद की। –आईएएनएस एचके/एएनएम

Advertisementspot_img

Also Read:

रिफंड में छल करने वालों पर अब लगेगी लगाम, IT डिपार्टमेंट ने लिया बड़ा फैसला

नई दिल्ली/रफ्तार डेस्क। आयकर विभाग ने फर्जी डोनेशन दिखाकर टैक्स रिफंड लेने वालों के खिलाफ कड़ा रुख अपनाया है। हाल ही में आयकर रिटर्न...
spot_img

Latest Stories

रेवती नाम का मतलब-Revati Name Meaning

Meaning of Revati / रेवती नाम का मतलब :...

Chaitra Navratri 2026: नवरात्रि से पहले घर लाएं ये चीजें, दूर होंगी कंगाली

नई दिल्ली, रफ्तार डेस्क। चैत्र नवरात्रि में माता रानी...

फारूक अब्दुल्ला पर हुई फायरिंग को लेकर टेंशन में गुलाम नबी आजाद, गंभीर जांच की मांग की

नई दिल्ली/रफ्तार डेस्क। बुधवार की रात जम्मू कश्मीर के...

पेट्रोल-डीजल और गैस की किल्लत पर सरकार का एक्शन, अमित शाह की अध्यक्षता में कमिटी बनाई

नई दिल्ली,रफ्तार डेस्क। देश में पेट्रोल, डीजल और रसोई...

गर्मियां शुरू होने से पहले घूम आएं ये जगहें, मार्च में घूमने के लिए हैं बेस्ट

नई दिल्ली रफ्तार डेस्क। मार्च के महीने में न...

इच्छामृत्यु पर बनी इन फिल्मों को देखकर रह जाएंगे हैरान, जानिए लिस्ट

नई दिल्ली रफ्तार डेस्क। आपको बता दें कि, इस...