नई दिल्ली,रफ्तार डेस्क । प्रदेश के शहडोल की महिला पुलिस उपमहानिरीक्षक का एक वीडियो इन दिनों चर्चा का विषय बना है। इस वीडियो में वे स्कूल की छात्राओं को अजीब सी सलाह कि पूर्णिमा की रात को गर्भधारण न करे और ‘ओजस्वी’ बच्चे पैदा करने के लिए क्या करें और क्या न करने जैसी सलाह देती नजर आ रही हैं।
शहडोल की पुलिस उपमहानिरीक्षक सविता सोहाने ने पिछले साल की 4 अक्टूबर को एक निजी स्कूल में सुरक्षा के लिए जागरूकता कार्यक्रम के तहत एक व्याख्यान दिया था। इस व्याख्यान में 10 से 12वीं कक्षा की छात्राओं को शामिल किया गया था।
पूर्णिमा पर गर्भ धारण नहीं करना चाहिए
वीडियो में अविवाहित पुलिस अधिकारी बालिकाओं से कह रही हैं कि आप नई पीढ़ी लाने वाले हैं। इसके लिए योजना बनाकर प्रयास करें। वे छात्राओं से कहती हैं कि पूर्णिमा पर गर्भ धारण नहीं करना चाहिए। ‘ओजस्वी’ बच्चे पैदा करने के लिए सूर्य देवता को जल चढ़ाना चाहिए। सविता का कहना है कि उन्हें धर्मग्रंथ पढ़ना, हिन्दू संतों के प्रवचन सुनना और व्याख्यान देना पसंद है। इसलिए ‘मैं हूं अभिमन्यु’ कार्यक्रम को संबोधित कर रही थी। अधिकारी ने बताया कि वे हर महीने एक स्कूल में व्याख्यान देने पहुंचती हैं ताकि बालिकाएं जागरूक हो सकें।
पुलिस अधिकारी ने दी ये सफाई
इस संबंध में बातचीत में पुलिस अधिकारी सविता सोहाने का कहना है कि मैंने जो कुछ भी कहा वह आध्यात्मिक आनंद की खोज में मिली जानकारी पर आधारित था। उन्होंने पूर्णिमा की रात गर्भधारण से बचने की सलाह देने के बारे में बताया कि हिन्दू धर्म में इसे पवित्र अवधि माना जाता है। उन्होंने बताया कि इस व्याख्यान का उद्देश्य महिलाओं और लड़कियों के खिलाफ हो रहे जघन्य अपराधों के बीच बालिकाओं के प्रति सम्मान की भावना पैदा करना था। उन्होंने यह भी कहा कि इस व्याख्यान का एक हिस्सा ही वायरल हुआ है बाकी संदर्भ हटा दिए गए हैं।




