नई दिल्ली, रफ्तार डेस्क। दिल्ली के नए परिवहन मंत्री पंकज सिंह ने कार्यभार संभालते ही बड़ा ऐलान किया है। उन्होंने कहा कि अगले डेढ़ साल में दिल्ली की सार्वजनिक परिवहन सेवा में 11 हजार इलेक्ट्रिक बसों को शामिल किया जाएगा। इसके साथ ही उन्होंने यह भी आश्वासन दिया कि महिलाओं के लिए मुफ्त बस सेवा पहले की तरह जारी रहेगी।
50% CNG बसों को हटाया गया
मंत्री पंकज सिंह ने बताया कि दिल्ली परिवहन निगम (DTC) के मौजूदा सीएनजी बस बेड़े में से 50 प्रतिशत बसों को हटा दिया गया है और बाकी बची हुई बसों को भी अगले कुछ महीनों में चरणबद्ध तरीके से सेवा से बाहर कर दिया जाएगा। सरकार की मंशा है कि राजधानी में अधिक से अधिक इलेक्ट्रिक बसों को उतारा जाए, जिससे प्रदूषण पर भी नियंत्रण पाया जा सके।
दिल्ली में पहले से संचालित हैं 1500 इलेक्ट्रिक बसें
मंत्री ने बताया कि दिल्ली में पहले से ही 1500 इलेक्ट्रिक बसें सड़कों पर दौड़ रही हैं। अब सरकार की योजना है कि अगले 18 महीनों में 11 हजार और इलेक्ट्रिक बसों को सार्वजनिक परिवहन बेड़े में शामिल किया जाए। इससे न केवल यातायात सुविधा में सुधार होगा बल्कि प्रदूषण भी कम होगा।
चार्जिंग स्टेशन की भी हो रही है व्यवस्था
दिल्ली सरकार की कंपनी दिल्ली ट्रांसको लिमिटेड ने अब तक 78 लोकेशनों पर चार्जिंग स्टेशन स्थापित किए हैं। पूरे शहर में लगभग 2500 चार्जिंग पॉइंट्स मौजूद हैं, जहां इलेक्ट्रिक वाहनों को चार्ज किया जा सकता है। यही कारण है कि देश में सबसे अधिक इलेक्ट्रिक वाहन दिल्ली में रजिस्टर हो रहे हैं। बीजेपी नेता पंकज सिंह विकासपुरी विधानसभा क्षेत्र से विधायक चुने गए हैं। उन्हें रेखा गुप्ता सरकार में परिवहन मंत्री बनाया गया है। शपथ ग्रहण के तुरंत बाद उन्होंने सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को बेहतर बनाने की अपनी प्राथमिकता जाहिर कर दी है। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार तेजी से दिल्ली के पब्लिक ट्रांसपोर्ट सिस्टम को आधुनिक और पर्यावरण के अनुकूल बनाएगी।




