नई दिल्ली, रफ्तार डेस्क। चक्रवात फेंगल ने तमिलनाडु और पुडुचेरी में अभी से उत्पात मचाना शुरू कर दिया है। जबकि उसे तमिलनाडु के क्षेत्रों में पहुंचने में 24 घंटे से ज्यादा का वक्त लगेगा । चक्रवात उत्तरी तमिलनाडु-पुदुचेरी तटों को पार करेगा, तब 70 किमी प्रति घंटे तक की हवा की गति तक पहुँच सकने का अनुमान मौसम विज्ञान विभाग ने लगाया है। IMD का कहना है कि बंगाल की खाड़ी के दक्षिण-पश्चिम में बना गहरा दबाव अगले 12 घंटों के भीतर चक्रवात फेंगल में बदल जाएगा क्योंकि यह उत्तर-पश्चिम की ओर बढ़ रहा है।
मौसम विभाग का जारी हुआ बयान
मौसम विभाग का कहना है बंगाल की खाड़ी के दक्षिण-पश्चिम में बना गहरा दबाव पिछले कुछ घंटों से अपना प्रभाव दिखा रहा है जो अगले दो दिन में चक्रवाती तूफान में तब्दील हो जाएगा। विशाखापत्तनम चक्रवात चेतावनी केंद्र के ड्यूटी ऑफिसर एस कुमार ने बताया कि बंगाल की खाड़ी के दक्षिण-पश्चिम में बना गहरा दबाव पिछले कुछ घंटों के दौरान उत्तर-उत्तरपश्चिम की ओर बढ़ गया है, यह चेन्नई से लगभग 550 किमी दक्षिण-दक्षिणपूर्व, कराईकल से 370 किमी दक्षिणपूर्व और पुडुचेरी से 470 किमी दक्षिणपूर्व में स्थित है। अगले 12 घंटों के दौरान इसके उत्तर-उत्तरपश्चिम की ओर बढ़ने और चक्रवाती तूफान में तब्दील होने की संभावना है। अगले दो दिनों के दौरान इसके श्रीलंका के तट को छूते हुए तमिलनाडु के तट तक पहुंचने की संभावना है। अगले कुछ दिनों में तटीय आंध्र प्रदेश के जिलों में बारिश की उम्मीद है।
तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल क्षेत्र में हल्की से मध्यम बारिश
मुख्यमंत्री कार्यालय के एक बयान से पता चला है कि बुधवार को शाम 5 बजे समाप्त हुए 24 घंटों में पुडुचेरी में 7.5 सेमी बारिश हुई, जबकि कराईकल में 9.5 सेमी बारिश दर्ज की गई। चेन्नई में क्षेत्रीय मौसम विज्ञान केंद्र ने पूर्वानुमान लगाया है कि गुरुवार को तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल क्षेत्र में कुछ स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश होगी और एक या दो स्थानों पर गरज के साथ बारिश और बिजली चमकेगी। इसने कांचीपुरम, चेंगलपट्टू, विल्लुपुरम और कुड्डालोर जिलों और पुडुचेरी में अलग-अलग स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश का भी अनुमान लगाया है। चेन्नई, तिरुवल्लूर और अन्य जिलों सहित अन्य जिलों में अलग-अलग क्षेत्रों में भारी बारिश हो सकती है। पुडुचेरी के मुख्यमंत्री एन रंगासामी ने आपदा प्रबंधन, पीडब्ल्यूडी और नगर पालिका के अधिकारियों को तत्काल उपाय करने का निर्देश दिया है।
हवाई यात्रा भी बुरी तरह प्रभावित
इस तूफान से हवाई यात्रा भी बुरी तरह प्रभावित हुई है। इस संबंध में इंडिगो की जारी की गई एडवाइजरी सामने आयी है। जिसमें उन्होंने बताया है कि प्रतिकूल मौसम की स्थिति को देखते हुए चेन्नई, तिरुचिरापल्ली, तूतीकोरिन, मदुरै और सलेम से आने-जाने वाली उड़ानों में लगातार अवरुद्ध रहेंगी। दूसरी ओर लोगों की सुरक्षा के मद्देनजर भारतीय तटरक्षक बल नाविकों की सुरक्षा के लिए तमिलनाडु राज्य एजेंसियों के साथ लगातार समन्वय कर रहा है, ताकि कोई बुरी खबर सुनने को न मिले। इस संबंध में आईसीजी ने कहा कि उसके जहाजों, विमानों और रडार स्टेशनों ने मछली पकड़ने वाली नौकाओं को बंदरगाह पर लौटने की चेतावनी जारी कर दी है।
रुक-रुक कर हो रही है बारिश
तमिलनाडु के कावेरी डेल्टा क्षेत्रों में बुधवार से रुक-रुक कर बारिश हो रही है, जिससे धान की खड़ी फसलें प्रभावित हुईं है। भारतीय मौसम विभाग ने संभावना जताई है कि चक्रवाती तूफान 30 नवंबर की सुबह तक गहरे दबाव के रूप में पुडुचेरी-तमिलनाडु तटों पर पहुंचने पर कमजोर पड़ जाएगा। कावेरी डेल्टा क्षेत्रों में तिरुवरुर, थिरुथुराईपोंडी, मुथुपेट्टई, मयिलादुथुराई और वेदारण्यम जैसे स्थानों पर लगभग 2,000 एकड़ से अधिक धान की फसलें आंशिक रूप से या पूरी तरह से जलमग्न हो गईं।
अनुमान है कि दो दिन में 50-60 किमी प्रति घंटे की हवा की गति के साथ गहरे दबाव के रूप में कराईकल और महाबलीपुरम के बीच यह 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवा के दबाव के रूप में भी देखा जा सकता है । ऐसे में एतिहायतन तौर पर सरकार ने पुडुचेरी में गुरुवार को स्कूल और कॉलेज बंद रखे हैं। क्योंकि गहरे दबाव के कारण यहां भारी बारिश हो रही है।





