नई दिल्ली, रफ्तार डेस्क । जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले को लेकर देशभर में शोक, संवेदना और रोष की लहर दौड़ रही है। इस हमले के बाद पाकिस्तान को करारा जवाब देने के लिए भारत भी अपनी तैयारी कर रहा है। इस बीच पूर्व सीएम और जम्मू और कश्मीर नेशनल कॉन्फ्रेंस के नेता फारूक अब्दुल्ला ने हमले को लेकर पाकिस्तान की निंदा की। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि अब पाक से वार्ता करने का सवाल ही पैदा नहीं होता, क्योंकि उनमें मानवता नाम की कोई चीज ही नहीं है।
हमले के बाद दुनिया भर के देश भारत को समर्थन दे रहे है। इस हमले की कड़ी निंदा और शोक संवेदना व्यक्त कर रहे है। फारूक अब्दुल्ला ने कहा अब पाकिस्तान से वार्ता नहीं की जा सकती है, क्योंकि उन्होंने खुलेआम इंसानियत का कत्ल किया है। भारत ने 1947 में ही टू-नेशन थ्योरी (Two-Nation Theory) से इनकार कर दिया था। और आज भी उसे मानता नहीं है, क्योंकि देश में हिन्दू, मुसलमान, सिख, ईसाई सब एक हैं।
फारूक अब्दुल्ला ने क्या कहा?
एक समाचार एजेंसी से बात करते हुए फारूक अब्दुल्ला ने कहा, ‘ हमें अफसोस है की हमारा पड़ोसी मुल्क आज भी नहीं जानता है की उसने इंसानियत का कत्लेआम किया है। अगर वो ये समझता है कि उसके इस कारनामे से हम लोग पाकिस्तान में चले जाएंगे उनकी इस गलतफहमी है। उन्होंने कहा, ‘हम जब 1947 में उनके साथ नहीं गए, हमने टू-नेशन थ्योरी को नकार दिया था। हिंदू, मुसलमान, सिख, ईसाई जो भी है हम सब एक है। उनकी इस हरकत से हम कमजोर नहीं होंगे। हम इससे मजबूत हो रहे है और उनको अच्छा जवाब देंगे।
पाकिस्तान से शांति वार्ता पर क्या बोले फारूक?
पाकिस्तान की शांति वार्ता पर फारुख अब्दुल्ला ने कहा कि, पाक कह रहा है की बातचीत होनी चाहिए। क्यों बातचीत होनी चाहिए? मैं हर वक्त डायलॉग को फेवर करता था। मैं हर बार चाहता था की वार्ता हो। मगर अब यह बातचीत करने का समय नहीं है। ऐसे में हम उन घरवालों को क्या कहेंगे? जो इस घटना में अपनों को खोया है। क्या हम बात करेंगे? क्या ये इंसाफ होगा?
पाकिस्तान पर हो जोरदार एक्शन
फारूक अब्दुल्ला ने केंद्र से मांग करते हुए कहा कि, आज भारत बालाकोट जैसी कार्रवाई नहीं चाहता है, आज भारत चाहता है की ऐसा एक्शन पाकिस्तान के खिलाफ लिया जाए कि दोबारा ऐसी घटनाएं ना हो। उनको इस कार्रवाई से सबक मिलें। दोबारा इस तरह की घटना को अजांम देने से पहले पाकिस्तान सौ बार सोचें।




