गाजियाबाद, 05 मई (हि.स.)। 15 दिसम्बर से होने वाली पांच दिवसीय विश्व धर्म संसद का आयोजन हरिद्वार की बजाय अब गाजियाबाद के शिवशक्ति धाम डासना में होगा। विश्व धर्म संसद में दुनिया के सभी धर्म पंथ और संप्रदाय के धर्मगुरुओं व बुद्धिजीवियों को निमंत्रण भेजा जाएगा। गाजियाबाद के शिवशक्ति धाम डासना के पीठाधीश्वर यति नरसिंहानंद सरस्वती ने बुधवार को बताया कि पहले हरिद्वार मंें विश्व धर्म संसद का आयोजन होना था। अब यह आयोजन 15 दिसम्बर से शिवशक्ति धाम डासना में होगा। उन्होंने बताया कि इसके लिए सबसे पहले निमंत्रण जगतगुरु शंकराचार्यों को दिया जाएगा। इसके बाद विश्व धर्म संसद का निमंत्रण पूरी दुनिया के सभी धर्म, पंथों और संप्रदायों के धर्मगुरुओं व बुद्धिजीवियों को भेजा जाएगा। धर्म संसद में एक संप्रदाय विशेष की विभीषिका के मुद्दे पर बहस की जाएगी और विश्व में मानवता और स्वतंत्रता को बचाने का आग्रह किया जाएगा। बंगाल में हिन्दुओं की दुर्गति और हत्याओं के लिए उन्होंने भारतीय जनता पार्टी को जिम्मेदार ठहराया। उन्होंने कहा कि हिन्दुओं के धार्मिक, राजनैतिक और सामाजिक नेतृत्व की कायरता के कारण बंगाल में हिन्दुओं को मारा जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि हिन्दुओं के साथ पहले कांग्रेस ने विश्वासघात किया था। अब भाजपा का नेतृत्व विश्वासघात कर रहा है। उन्होंने कहा हिन्दु समाज के पास आज एक भी ऐसा व्यक्तित्व नहीं है, जो हिन्दुओं की पीड़ा समझ सके। हिन्दुस्थान समाचार/फरमान




