– 20-22 मार्च तक होने वाले इस संगोष्ठी में मुख्य अतिथि होंगे मुख्यमंत्री योगी – नाथ पंथ के वैश्विक प्रदेय’ विषयक अंतरराष्ट्रीय संगोष्ठी में देश-विदेश के विद्वान होंगे शामिल गोरखपुर, 14 मार्च (हि.स.)। दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय की ओर से 20-22 मार्च तक आयोजित होने वाले ‘नाथ पंथ के वैश्विक प्रदेय’ विषयक अंतरराष्ट्रीय संगोष्ठी में पांच प्रमुख क्षेत्रों पर देश-विदेश के विद्वान अपने विचार रखेंगे। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ मुख्य अतिथि के रूप में इस कार्यक्रम में शामिल होंगे। ‘भारतीय योग परंपरा एवं नाथ पंथ’ विषयक प्रथम सत्र में नाथ पंथ और दर्शन के विविध प्रस्थानों में व्याख्यात योग के विविध पक्षों पर मंथन होगा। इससे एक ओर जहां योग के अनेक अस्पष्ट और अनछुए पहलुओं को प्रकाश में लाने की दिशा में काम होगा। दूसरी ओर उनकी लोक का उपकार करने वाले तथा योग के माध्यम से नाथ पंथ के समाजोन्नयन का मूल्यांकन भी हो सकेगा। तीन दिवसीय अंतरराष्ट्रीय संगोष्ठी में अमेरिका के मिशिगन विश्वविद्यालय के पूर्व अध्यक्ष माधव देश पांडेय, मॉरीशस से विश्वानन्द पुटिया, यूनिवर्सिटी ऑफ कंबोडिया से हो चियांग के साथ पूरे भारत वर्ष से जुटे विद्वान अपने-अपने विचार रखेंगे। प्रथम सत्र के संयोजक प्रो.मुरली मनोहर पाठक ने बताया कि भारत में योग की धारणा अत्यंत प्राचीन है। अथर्ववेद में योग द्वारा अलौकिक शक्तियां प्राप्त करने का उल्लेख है। कठ, तैत्तिरीय और मैत्रायणी उपनिषदों में योग का पारिभाषिक अर्थ में प्रयोग हुआ है। जैन धर्म और बौद्ध धर्म दोनों ही योग की व्यवहारिक योग्यता में विश्वास रखते हैं। कालांतर में शिवावतार महायोगी गुरू गोरखनाथ ने जन सामान्य के लिए नाथ पंथ का प्रवर्तन किया। उनके मतानुसार शक्ति और शिव में कोई भेद नहीं है। शक्ति और प्रसर को तथा शिव, संकोच को भासित करते हैं। इन दोनों में जो योग को स्थापित कर देता है, वह सिद्ध योगीराज हो जाता है। इस खंड में दुनियाभर के ख्यातिलब्ध विद्वान अपने अपने विचार रखेंगे। ये होंगे मुख्य वक्ता पंडित रविशंकर शुक्ल (शारीरिक शिक्षा विभाग- रायपुर विश्वविद्यालय) प्रो.राजीव चौधरी (उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालय, हल्द्वानी), डाॅ. देवेश कुमार मिश्र (बीआर आंबेडकर बिहार विश्वविद्यालय) प्रो.मनोज कुमार (जामिया मिलिया इस्लामिया विश्वविद्यालय),डाॅ. धनंजय मणि त्रिपाठी और मीनाक्षी जोशी (निदेशक-कुंडलिनी योग रिसर्च इंस्टीट्यूट लखनऊ) डाॅ. दीनानाथ राय, प्रो.विजयकर्ण, प्रो.सुमन केएस बेन, गुजरात के बल्लभ विद्यानगर से प्रो. निरंजन पटेल, दिल्ली विश्वविद्यालय से प्रो.रंजन कुमार त्रिपाठी, जम्मू के केंद्रीय संस्कृत विश्वविद्यालय प्रो.मनोज कुमार मिश्र, नागपुर से प्रो मधुसूदन पेन्ना, जेएनयू से प्रो संतोष शुक्ल आदि मौजूद रहेंगे। हिन्दुस्थान समाचार/पुनीत




