नई दिल्ली, रफ्तार डेस्क। महाराष्ट्र के बुलढाना जिले सिंदखेड़ राजा शहर के पास हुए दर्दनाक बस हादसे में लगभग 26 यात्रियों की जान चली गई। इस बस में कुल 33 लोग सवार थे, जिनमें से 26 की मौत हो गई, इनमें 3 मासूम बच्चे भी शामिल थे। यह हदसा उस वक्त हुआ जब ज्यादातर लोग सो रहें थे। यह हादसा समृद्धि एक्सप्रेस वे पर हुआ है। आपको बता दें 33 यात्रियों से भरी सिटीलिंक ट्रेवल्स की लक्जरी बस नागपुर से मुंबई जा रही थी। बीच रस्तें में बस का एक्सीडेंट हो गया और उसमें आग लग गई, 26 लोग जिंदा जल गए। चश्मदीदों का कहना है कि कुछ और लोगों को जिंदा बचया जा सकता था लेकिन…
हाइवे से गुजर रहे वाहन रुकते, तो बच सकती थी कुछ और जानें
हदसें के वक्त मौजूद एक शख्स ने कहा हाइवे से गुजर रहे वाहन अगर रुकते तो कई लोगों की जान बच सकती थी। क्योंकि खंभे और डिवाइडर से टकराने के बाद बस बांयी तरफ पलट गई, जिसकी वजह से उसका दरवाजा नीचे आ गया और बस में सवार लोग बाहर नहीं निकल सके। हादसे के बाद बड़ी मात्रा में डीजल सड़क पर फैल गया, जिससे बस में आग लग गई। हादसे के बाद 4-5 लोग जलती बस से बाहर आने में सफल रहे थे लेकिन बाकी लोगों की किस्मत उतनी अच्छी नही रही और वो बाहर नहीं निकल सके। यदी वहा उस समाय कोई हाइवे से गुजर रहे वाहन रुकते तो कुछ और लोगो को बाहर निकाला जा सकता था।
दर्दनाक हादसे की खौफनाक दास्तां
हादसे में बचे एक व्यक्ति ने बताया कि उन्होंने बस से बाहर आकर सड़क पर गुजर रहे अन्य वाहनों से मदद की गुहार लगाई थी लेकिन किसी ने भी अपना वाहन नहीं रोका। यदि कोई वाहन रूकता तो शायद कुछ और लोग जिंदा होते। एक स्थानीय ने बताया कि ‘पिंपलखुटा के इस रूट पर कई हादसे होते हैं। हमें मदद के लिये बुलाया गया तो हम मौके पर पहुंचे लेकिन यहां का मंजर खौफनाक था शायद हमें आने में थोड़ी देर हो गई थी। बस के भीतर मौजूद लोग खिड़की तोड़ने का प्रयास कर रहे थे। हमने देखा कि लोग जिंदा जल रहें है…पर आग इतनी भीषण थी कि हम कुछ नहीं कर सके। हम रो रहे थे और सब अपनी आखों के समने होता देख रहें थे।
पिछली खिड़की तोड़कर बाहर निकले लोग
महाराष्ट्र में हुए भीषण बस हादसे में बचे एक व्यक्ति ने बताया कि वह और कुछ अन्य लोग बस की पिछली खिड़की तोड़कर बाहर निकले, जिससे उनकी जान बच गई। बता दें कि महाराष्ट्र के बुलढाणा जिले में शनिवार रात भीषण हादसा हो गया रात हुए दर्दनाक सड़क हादसे में बस में आग लगने से 26 यात्री जिंदा जल गए। यह हादसा नागपुर से पुणे के बीच समृद्धि एक्सप्रेसवे पर देर रात करीब डेढ़ बजे हुआ।




