नई दिल्ली,रफ्तार डेस्क। झारखंड के जमशेदपुर से एक चौंकाने वाली खबर सामने आई है। यहां सुवर्णरेखा नदी के किनारे बालू की खुदाई के दौरान एक भारी-भरकम जिंदा मिसाइल बम मिला, जिससे इलाके में हड़कंप मच गया।
यह मामला बहरागोड़ा थाना क्षेत्र के पानीपड़ा नागुड़साई गांव के पास का है।
250 किलो का बताया जा रहा बम
प्रारंभिक जांच में पता चला है कि यह बम करीब 500 पाउंड यानी लगभग 227 से 250 किलो वजन का है। इस पर ‘AN-M64’ मॉडल नंबर और Made in America लिखा हुआ है, जिससे इसे अमेरिकी मिसाइल बम माना जा रहा है। बम का आकार गैस सिलेंडर जैसा बताया जा रहा है।
पुलिस और प्रशासन तुरंत हुआ अलर्ट
जैसे ही ग्रामीणों ने इस संदिग्ध वस्तु को देखा, उन्होंने तुरंत पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने पूरे इलाके को घेरकर सुरक्षित कर लिया और लोगों को दूर रहने की सलाह दी। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए रांची से बम निरोधक दस्ता बुलाया गया है।
इसके साथ ही सेना की विशेषज्ञ टीम को भी मौके पर बुलाया गया है, क्योंकि यह बम बेहद खतरनाक और विनाशकारी बताया जा रहा है। अधिकारियों के अनुसार, इसे निष्क्रिय करने के लिए विशेष तकनीकी मदद की जरूरत है।
द्वितीय विश्व युद्ध से जुड़ा हो सकता है कनेक्शन
विशेषज्ञों का मानना है कि यह बम द्वितीय विश्व युद्ध के समय का हो सकता है। संभावना है कि यह किसी कारणवश वर्षों पहले नदी किनारे मिट्टी और बालू के नीचे दब गया था और अब खुदाई के दौरान बाहर आया। इस घटना के बाद आसपास के गांवों में डर का माहौल है। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और घटनास्थल से दूर रहें। सुरक्षा के लिए पूरे इलाके में पुलिस बल तैनात कर दिया गया है और लगातार निगरानी रखी जा रही है। जमशेदपुर में मिला यह जिंदा मिसाइल बम न सिर्फ सुरक्षा के लिहाज से बड़ी चिंता का विषय है, बल्कि इसके इतिहास से जुड़े पहलू भी जांच का विषय बने हुए हैं। फिलहाल सभी की नजर इस पर है कि इसे सुरक्षित तरीके से कब और कैसे निष्क्रिय किया जाएगा।




