Lok Sabha Election: गुजरात में BJP का सियासी दांव, नो रिपीट से हैट्रिक की तैयारी, 26 सीटों पर लहराएगा केसरिया?

Gujarat News: 2014 से लगातार दो बार सभी 26 सीटों पर गुजरात में केसरिया लहरा रहा है। इस बार लोकसभा चुनाव में 16 नए चेहरे और 10 महिलाओं को टिकट मिल मिल सकता है।
Lok Sabha Election
Lok Sabha ElectionRaftaar.in

अहमदाबाद, हि.स.। लोकसभा चुनाव-2024 में भाजपा गुजरात की सभी 26 सीटों पर कब्जा जमाकर हैट्रिक लगाने के लिए अपनी व्यापक रणनीति पर काम शुरू कर चुकी है। पार्टी जहां पुरानी थ्योरी नो रिपीट पर चल सकती है, तो नए चेहरों पर भी सियासी दांव लगाने तैयारी में है। दूसरे दलों के कद्दावर नेताओं को पार्टी ने पहले ही केसरिया पहना दिया है।

BJP गुजरात की एक भी सीट गंवाना पसंद नहीं करेगी

देश में भाजपा के 370 और एनडीए गठबंधन को 400 सीट पार की प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की घोषणा को अमलीजामा पहनाने में गुजरात केन्द्र बिन्दु बना हुआ है। ऐसे में भाजपा किसी भी हालत में गुजरात की एक भी सीट गंवाना पसंद नहीं करेगी। पार्टी जहां उम्मीदवारों के चयन में नो रिपीट थ्योरी में मौजूदा सांसदों के परफॉर्मेंस को महत्व दे सकती है, तो पार्टी के कद्दावर नेताओं को भी मैदान में उतारने के संकेत दिए हैं। केन्द्रीय मंत्री परषोत्तम रूपाला और मनसुख मांडविया को पार्टी ने राज्यसभा नहीं भेजा है, इससे इन दोनों बड़े नेताओं के लोकसभा सीट से चुनाव लड़ने की संभावना प्रबल हो गई है।

इन मापदंडों पर मिलेगी टिकट

पार्टी सूत्रों के अनुसार मनसुख मांडविया को अमरेली से तो परषोत्तम रूपाल को राजकोट सीट से उम्मीदवार बनाए जाने की चर्चा जोरों पर है। पार्टी सूत्रों के अनुसार चुनाव से कई महीने पूर्व ही सभी 26 सांसदों की पिछले 2 साल की कुंडली तैयारी की गई थी, जिनमें उनके परफॉर्मेंस के लिए कई मापदण्ड तय किए गए थे। इस मापदंड में खरे उतरे नेताओं को तो पार्टी चुनावी मैदान में उतार सकती है, लेकिन नॉन परफॉर्मर नेताओं की सूची में शामिल सांसदों का टिकट कट सकता है।

10 महिलाओं को मैदान में उतारने का संकेत

पार्टी ने जहां 10 महिलाओं को मैदान में उतारने का संकेत दिया है तो दूसरे दलों से भी भाजपा में आए नेताओं को टिकट देने की चर्चा है। संभावना के अनुसार ऐसे नेता जो नॉन परफॉर्मर रहे हैं या दो या इससे अधिक टर्म से चुनते आने के कारण नो रिपीट थ्योरी की वजह से मैदान से हट सकते हैं, उनकी संख्या 16 हो सकती है। इनमें सूरत से दर्शना जरदोश, बनासकांठा के परबत पटेल, पाटण से भरत डाभी, मेहसाणा से शारदाबेन पटेल, साबरकांठा से दीपसिंह राठौड़, बारडोली से प्रभु वसावा, वलसाड से के सी पटेल, अहमदाबाद पश्चिम से डॉ किरीट सोलंकी, अहमदाबाद पूर्व से हसमुख पटेल, पोरबंदर से रमेश धडुक, जूनागढ़ से राजेश चुडास्मा, अमरेली से नारण काछडिया, पंचमहाल से रतनसिंह राठौड़, वडोदरा से रंजन भट्ट, भरुच से मनसुख वसावा और छोटा उदेपुर से गीताबेन राठवा के नाम की चर्चा है।

भरुच, छोटा उदेपुर में दूसरी पार्टी से आए नेताओं को मिल सकता है मौका

जानकारी के अनुसार पिछले कुछ महीने में कांग्रेस और आम आदमी पार्टी के कई नेता-विधायक भाजपा में शामिल हुए हैं। यहां तक कि कांग्रेस के राज्यसभा सदस्य नारण राठवा भी अपने पुत्र के साथ भाजपा में शामिल हो गए हैं। दूसरी और भरुच में बीटीपी के अध्यक्ष और छोटू वासावा के पुत्र महेश वासावा भाजपा प्रदेश अध्यक्ष सी आर पाटिल के सम्पर्क में आए हैं। उनका भाजपा में आना तय माना जा रहा है। इससे यह संभावना बन रही है कि पार्टी भरुच सीट पर आम आदमी पार्टी के डेडियापाड़ा के विधायक चैतर वसावा के विरुद्ध महेश वसावा को मैदान में उतार सकती है। वहीं छोटा उदेपुर से भाजपा कद्दावर नेता और यूपीए सरकार में केन्द्रीय मंत्री रहे नारण राठवा के पुत्र संग्रामसिंह राठवा को मैदान में उतार कर सभी 26 सीटों पर विजयश्री की कसावट में मजबूती लाने का प्रयास करेगी।

अन्य खबरों के लिए क्लिक करें:- www.raftaar.in

Related Stories

No stories found.