नई दिल्ली, रफ्तार डेस्क। चीन में ‘खूबसूरत गवर्नर’ के नाम से मशहूर ग्वाइझू प्रांत की महिला गवर्नर झोंग यांग को कदाचार के आरोपों में 13 साल की जेल की सजा हो गई है। मीडिया की एक रिपोर्ट के अनुसार झोंग यांग को जेल की सजा के साथ ही 1.18 करोड़ रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है। झोंग यांग चीन की कम्युनिस्ट पार्टी (CPC) में उप सचिव पदभार भी संभाल चुकी हैं। झोंग यांग को लेकर चीन में एक खास बात यह है कि उन्हें ‘ब्यूटीफुल गवर्नर’ के नाम से बुलाया जाता है। मीडिया की एक रिपोर्ट के अनुसार झोंग यांग पर 71 करोड़ की रिश्वत लेने और अपने 58 पुरुष सहकर्मियों के साथ अवैध संबंध बनाने के आरोप लगे हैं।
झोंग यांग ने 22 साल की उम्र में कम्युनिस्ट पार्टी को ज्वाइन किया था
झोंग यांग ने 22 साल की उम्र में कम्युनिस्ट पार्टी को ज्वाइन किया था और नेशनल पीपुल्स कांग्रेस (NPC) में भी डिप्टी के पद तक अपनी सेवा दी। इस समय झोंग यांग की उम्र 52 वर्ष है। अब उन्हें दोषी करार दिए जाने के बाद दोनों ही पार्टी ने उनकी सदस्यता को रद्द कर दिया है। मीडिया की रिपोर्ट के अनुसार झोंग यांग ने फल और कृषि संघ की शुरुआत करने को लेकर काम किया था।
इसके माध्यम से किसानों और जरूरतमंद बुजुर्गों की मदद के लिए पैसे खर्च किए जाते थे। लेकिन इसको लेकर विवाद उस समय खड़ा हुआ जब गुइझोउ रेडियो और टेलीविजन की तरफ से एक डॉक्यूमेंट्री पेश की गई। इस डॉक्यूमेंट्री में साफ दिखाया गया कि झोंग यांग ने रिश्वत ली थी। झोंग यांग पर आरोप लगे कि उन्होंने रिश्वत के बदले अपनी पसंद की कंपनियों को सरकारी निवेश के बहाने बड़ी डील सौंपी।
जूनियर सहकर्मियों के साथ अवैध संबंध बनाने के भी आरोप लगे
मीडिया की एक रिपोर्ट के अनुसार, डॉक्यूमेंट्री में एक प्राइवेट बिजनेस के मालिक ने दावा किया था कि झोंग यांग ने सिर्फ अपनी पसंद की कंपनियों को ही विशेष डील दी थी और जिनके साथ उनके व्यक्तिगत संबंध अच्छे नहीं थे, उन्हें कोई भी डील नहीं दी गई। वर्ष 2023 में गुइझोऊ प्रांतीय अनुशासन निरीक्षण और पर्यवेक्षण समिति ने यह खुलासा किया था कि उन्हें झोंग यांग पर गैरकानूनी कार्य करने का संदेह है।
यही नहीं झोंग यांग पर अपने 58 पुरुष जूनियर सहकर्मियों के साथ अवैध संबंध बनाने के भी आरोप लगे। इनमे से कुछ जूनियर सहकर्मियों ने झोंग यांग से किसी अन्य तरह के लाभ लेने के लिए अवैध संबंध बनाए और अन्य ने मजबूरी में ऐसा किया। मीडिया की एक रिपोर्ट के अनुसार झोंग यांग ने अपने सहकर्मियों के साथ ये अवैध संबंध ओवरटाइम काम करने के बहाने और किसी व्यावसायिक यात्राओं पर जाने के बहाने बनाए थे। यह मामला सुर्खियों में आने के बाद जांच का विषय बना और तुरंत इसकी जांच शुरू हो गयी थी।




