नई दिल्ली/रफ्तार डेस्क। ईजरायल और हमास के बीच युद्ध की शुरुआत बीते साल आज ही के दिन से हुई थी। आज के दिन ही हमास ने ईजरायल पर धावा बोला था जिसमें वार पलटवार के दौरान अबतक करीब 42 हजार मौतें हो चुकी हैं। इस मौके पर तुर्किए में फीलीस्तिनियों के समर्थन में प्रदर्शन किया गया जबकि पाकिस्तान में ईजरायल का विरोध करते हुए लंबा मार्च निकाला गया।
हमास ने दिया था ऑपरेशन अल-अक्सा फ्लड को अंजाम
7 अक्टूबर 2023 को हमास ने अपने लडाकों को ईजरायल पर हमला बोलने का आदेश दिया जिसकी आज बरसी है। हमले के विभिषिका कितनी गहरी रही होगी इसका अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि हमास ने हमने में चौतरफा हमला बोला था। हमास के लडाकों ने आसमान, जमीन और समुद्र के रास्ते धावा बोला था। इस हमले में करीब 1200 लोग मारे गए थे जबकि ईजरायल के अपने दुश्मनों पर वार पलटवार के चलते इस युद्ध का शिकार अबतक 42000 लोग हो चुके हैं। हमास ने इस ऑपरेशन को अल-अक्सा फ्लड (Operation Al-Aqsa Flood) का नाम दिया था।
हमले को ठहराया जायज
हमास ने हमले की शुरुआत करने के बाद इस हमले को जायज बताया था। गाजा पर शासन चलाने वाले हमास ने बरसी पर वीडियो संदेश जारी कर ईजरायल पर हमले को ‘महान काम’ बताया था। हमास ने वीडियो संदेश के हवाले से कहा कि फिलीस्तीन, गाजा अपनी खिलाफत के खिलाफ लड़ रहे हैं। हालांकि एक साल से चलता आ रहा है युद्ध न तो किसी निष्कर्ष पर पहुंचा है न ही इसका खात्मा हुआ है।
ईजरायल हमास का समूल नाश करने को प्रतिबद्ध
हमास के हमले के बाद ईजरायल ने हमास का असतित्व मिटाने की बात कही थी। इसके बाद ईजरायल ने गाजा पर ताबड़तोड हमले बोल दिए। आयरन स्वॉर्डस (Operation Iron Swords) नाम से चल रहे ऑपरेशन में अब तक इस्माइल हानिया समेत 42000 अपनी जान से हाथ धो बैठे हैं। ईजरायली प्रधानमंत्री ने संयुक्त राष्ट्र को संबोधित करते हुए उन 101 बंधकों के मुद्दे को उठाया जिन्हें हमास ने अपने कब्जे में लिया हुआ है और साथ ही अल्टीमेटम दे डाला कि अपने बंधक नागरिकों के हमास के कब्जे से छुड़वाने तक ईजरायल चुप नहीं बैठेगा।




