नई दिल्ली, रफ्तार डेस्क । मध्य पूर्व में करीब एक साल से चल रहे संघर्ष के बीच गाजा पट्टी पर इजराइल के हमले जारी हैं। आरोप है कि इज़रायली सेना ने अल-मवासी में सुरक्षित क्षेत्र पर भारी बमबारी की जिससे कई महिलाएं और बच्चे जिंदा जल गए। साल भर से चल रहे युद्ध में इजराइल गाजा पट्टी पर लगातार बमबारी कर रहा है। गाजा के स्वास्थ्य मंत्रालय का कहना है कि पिछले 24 घंटों में गाजा पर इजरायली हमलों में 48 फिलिस्तीनी मारे गए हैं और 201 घायल हुए हैं।
21 लोग मारे गए और दर्जनों घायल
खान यूनिस के पास नासिर अस्पताल के निदेशक आतिफ अल-हौत के अनुसार, इजरायली सुरक्षा बलों ने गाजा के अल-मवासी में सुरक्षित क्षेत्र पर फिर से बमबारी की है, जिसमें कम से कम 21 लोग मारे गए और दर्जनों घायल हो गए। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, इस हमले में कई महिलाएं और बच्चे जल गए हैं। वहीं, दूसरी तरफ इज़रायली सेना का दावा है कि अल-मवासी क्षेत्र में उसके हमले में हमास के वरिष्ठ नेता ओसामा ग़नीम सहित कई फ़िलिस्तीनी लड़ाके मारे गए हैं। IDF के मुताबिक, ओसामा घनिम गाजा के लोगों पर दबाव बनाने और हमास के खिलाफ खतरों का पता लगाने के लिए जिम्मेदार था।
इज़रायली सेना का कहना है कि घनिम ने क्रूर हमलों में हमास ने भूमिका निभाई जिसमें मानव अधिकारों के उल्लंघन के बारे में कठोर नागरिक पूछताछ की। हमास का विरोध करने के संदेह में निवासियों का दमन और LGBTQ समुदाय के नागरिकों का उत्पीड़न शामिल है।
हिजबुल्लाह के साथ संघर्ष विराम की घोषणा
इसके साथ ही IDF का कहना है कि उसने हमलों में नागरिक हताहतों को कम करने के लिए कई उपाय किए, जिनमें सटीक युद्ध सामग्री, हवाई निगरानी और अन्य खुफिया जानकारी का उपयोग शामिल है। हिजबुल्लाह के साथ संघर्ष विराम की घोषणा के बाद से गाजा पट्टी के कई इलाकों में इजरायली हमले तेज हो गए हैं। उत्तरी गाजा में लंबे समय से हालात बेहद खराब हैं। इज़रायली सेना कथित तौर पर गाजा पट्टी के उत्तर में ज़मीन पर हर किसी और हर चीज़ को निशाना बना रही है।
नागरिकों के एक समूह को निशाना बनाया गया
इससे जुड़ी एक रिपोर्ट अल जजीरा की भी सामने आई है। रिपोर्ट के मुताबिक, इजरायली सेना ने शुक्रवार को एक बार फिर कमाल अदवान अस्पताल पर हमला किया है। आरोप है कि इजरायली ड्रोन हमले में एक अस्पताल के अंदर इलाज करा रहे नागरिकों के एक समूह को निशाना बनाया गया। सूत्रों के मुताबिक, बेत लाहिया शहर में एक आवासीय इमारत को भी निशाना बनाया गया। हमले में कम से कम 15 फिलिस्तीनी मारे गए। गाजा स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, 7 अक्टूबर, 2023 को हमास के हमले के बाद शुरू हुए गाजा युद्ध में कम से कम 44,580 फिलिस्तीनी मारे गए हैं और 105,739 घायल हुए हैं।





