धमतरी, 2 मई ( हि. स.)। धमतरी जिला के डूबान क्षेत्र ग्राम माटेगहन हाथियों ने उत्पात मचा रखा है। प्राथमिक कृषि साख सहकारी समिति बारगरी, उपार्जन केंद्र माटेगहन में जंगली हाथियों के आतंक से फिर क्षेत्र के लोग दहशत में आ गए हैं। लोग अपने तरीके से हाथी को खदेड़ने कोशिश कर रहे हैं, लेकिन करीब एक सप्ताह से जंगली हाथियों ने आसपास क्षेत्र में घूम-घूम कर किसानों द्वारा लगाए रबी फसलों को बर्बाद कर रखा है। रात्रि में अचानक धान खरीदी केंद्र में हाथियों ने धान के बोरों को तहस-नहस किया। कुछ धान की बोरियों को इधर उधर बिखरा दिया। दूसरी ओर किसानों के खेत में घुसकर खड़ी फसलों को रौंदकर तहस-नहस कर दिया। मंडी प्रबंधक और किसान इससे परेशान हो गए हैं। किसानाें ने अपनी पीड़ा वन विभाग के अधिकारियों को बताई है। वन विभाग के अधिकारी पंचराम साहू वन परीक्षेत्र अधिकारी उत्तर सिंगपुर एवं स्टाफ, ओमकार नेताम वनरक्षक, नरेंद्र नेताम वनरक्षक एवं हाथी निगरानी टीम, रात्रि में ही वन विभाग के अधिकारी ने धान मंडी में लगे चपरासियों को सुरक्षित उस जगह से निकाल कर बाहर गांव में सुरक्षित पहुंचाया। इससे बड़ी घटना पर रोक लगी है। समय रहते विभाग के अधिकारियों और हाथी निगरानी टीम ने धान मंडी चपरासियों को सुरक्षित पहुंचाया नहीं तो बड़ी जनहानि हो सकती थी। रबी फसल लगे हुए जंगल किनारे हाथियों ने अड्डा बनाए हुआ है। शाम होते ही खेतों में घुस के खड़ी फसलों को नुकसान पहुंचा रहे हैं। किसानों में काफी संशय बना हुआ है। ऐन समय में फसलों को नुकसान पहुंचाए जाने से किसान संभावित नुकसान की आशंका जता रहे हैं। किसानों ने शासन प्रशासन से मुआवजा की मांग की है। हाथियों का दल लगातार क्षेत्र में विचरण कर रहा है। वन विभाग के डिप्टी रेंजर पंचराम साहू ने बताया कि बीते दिनों से क्षेत्र के आसपास गांव में हाथियों का दल विचरण करते नजर आ रहा है। हाथियों से बचाव के लिए क्षेत्र में मुनादी कराई गई है। किसानों को मुआवजा दिलाने प्रयास जारी है। हिन्दुस्थान समाचार / रोशन




