नई दिल्ली/रफ्तार डेस्क । इनकम टैक्स रिटर्न (ITR) भरते समय अगर कोई गलती हो गई है, तो घबराने की जरूरत नहीं है। आयकर विभाग आपको एक और मौका देता है रिवाइज्ड ITR भरने का। इसके जरिए आप पुरानी चूक को सुधार सकते हैं। और नए सिरे से रिटर्न फाइल कर सकते हैं। अच्छी बात ये है कि इसके लिए कोई अलग से फीस नहीं देनी होती।
कौन कर सकता है सुधार?
अगर आपने असेसमेंट ईयर 2025-26 का ITR समय पर भर दिया है और अब उसमें कोई गलती पकड़ में आई है जैसे इनकम गलत भर दी, डिडक्शन मिस कर दिया या बैंक डिटेल में गलती हो गई तो आप सेक्शन 139(5) के तहत रिवाइज्ड रिटर्न भर सकते हैं।
कब तक करें सुधार?
ITR फाइलिंग की आखिरी तारीख: 15 सितंबर 2025
रिवाइज करने की डेडलाइन: 31 दिसंबर 2025
लेकिन सलाह है कि जितना जल्दी सुधारें, उतना बेहतर, ताकि कोई नोटिस या पेनल्टी न झेलनी पड़े।
ITR में होने वाली आम गलतियां
गलत ITR फॉर्म चुनना
इनकम या डिडक्शन का मिसमैच
समय पर ई-वेरिफिकेशन न करना
गलत बैंक डिटेल भरना
रिफंड क्लेम में गलती
HRA और सेक्शन 80C में फर्जी क्लेम
फॉर्म 26AS या AIS से मेल न खाना
रिवाइज्ड ITR भरने का तरीका (स्टेप बाय स्टेप):
www.incometax.gov.in पोर्टल पर जाएं
PAN, आधार या यूजर ID से लॉगिन करें
e-File Income Tax Return Revised Return चुनें
असेसमेंट ईयर 2025-26 सेलेक्ट करें
ओरिजिनल ITR का Ack नंबर डालें
जरूरी बदलाव करें (जैसे आय, डिडक्शन, बैंक डिटेल)
सबमिट करें और OTP या नेट बैंकिंग से ई-वेरिफाई करें
ध्यान रखें ये बातें
रिवाइज्ड ITR जितनी बार चाहें, डेडलाइन तक भर सकते हैं
हर बार नया Ack नंबर मिलेगा
रिफंड में बदलाव होगा तो नया प्रोसेस शुरू होगा
असेसमेंट (धारा 143(3) के तहत) हो चुका हो तो रिवाइज नहीं कर सकते
अगर आपने भी जल्दबाजी में ITR भर दिया और अब कोई गलती नजर आ रही है, तो देरी न करें। 31 दिसंबर 2025 से पहले रिवाइज्ड रिटर्न भरकर टैक्स से जुड़ी चिंता से छुटकारा पाएं।





