नई दिल्ली/रफ्तार डेस्क। आईपीओ (IPO) के क्षेत्र में अगर इन दिनों कोई आईपीओ सबसे ज्यादा चर्चा मे है तो वह बजाज हाउसिंग फाइनेंस है। बजाज हाउसिंग फाइनेंस (bajaj housing finance) को लेकर ग्रे मार्केट में जो अनुमान लगाया जा रहा है उससे निवेशक खासे खुश नजर आ रहे हैं। हालांकि उन निवेशकों के मन में अभी भी संशय बना हुआ है जिन्हें आईपीओ अलॉट हुआ है। वह निवेशक इसी उधेडबुन में लगे हुए हैं कि क्या पोजिशन को होल्ड करना चाहिए या लिस्ट होते ही तुरंत बेच देना चाहिए।
बेचें या होल्ड करे, क्या कहते हैं एक्सपर्ट्स?
ग्रे मार्केट के अनुमान से रिटेल निवेशक गदगद दिखाई दे रहे हैं। हालांकि शेयर को लेकर असमंजस में भी है कि क्या किया जाए। स्वास्तिका इन्वेस्टमार्ट की वेल्थ प्रमुख शिवानी न्याति ने इस आईपीओ को लेकर मजबूत प्रदर्शन करने की उम्मीद जताई है। न्याति ने कहा- “आईपीओ ने निवेशकों की भारी दिलचस्पी हासिल की है, जिसका सबूत 67.4 गुना सब्सक्रिप्शन दर और 75.5 रुपये (107.8%) का आसमान छूता ग्रे मार्केट प्रीमियम (GMP) है। यह उत्साह कंपनी के मजबूत फंडामेंटल और बाजार की उम्मीद को दर्शाता है।” उन्होंने कहा कि शार्ट टर्म निवेशक लाभ बुक कर सकते हैं जबकि लॉन्ग टर्म निवेशकों को होल्ड करने की सलाह दी जाती है। हालांकि इसमें आर्थिक जोखिम से इंकार नही किया जा सकता।
केवल तीन दिन में फुल हो गया आईपीओ
बजाज हाउसिंग फाइनेंस को निवेशको ने रिकॉर्ड तोड रिस्पॉन्स दिया है। 6560 करोड़ रुपये के इस आईपीओ को भरने में केवल 3 तीन लगे। कंपनी ने इस आईपीओ के तहत 3560 करोड़ रुपये के फ्रेश इश्यू जारी किए थे, जबकि 3 हजार करोड़ रुपये के शेयर ऑफर फॉर सेल के तहत जारी किए थे। अब निवेशकों को 16 सितंबर (bajaj housing finance listing date) का इंतजार है जब यह आईपीओ बाजार मे लिस्ट होगा।




