Shaniwar Mantra: शनि देव के इन मंत्रों के जाप से चमकेगी आपकी किस्मत

शनिवार के दिन शनि देव की पूजा के साथ-साथ उनके कुछ चमत्कारी मंत्रों के जाप करने से आपके जीवन में सफलता आती है।
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नई दिल्ली रफ्तार डेस्क 17 February 2024: शनि देव की पूजा के लिए शनिवार का दिन काफी शुभ माना जाता है। इसीलिए आज के दिन भगवान शनिदेव की पूजा करने के साथ उनके मंत्रों का भी जाप करना चाहिए। वहीं अगर आपकी कुंडली में शनि का प्रभाव है तो उसे दूर करने के लिए भी कुछ चमत्कारी मंत्र होते हैं। जिनके जाप करने से आपकी कुंडली में शनि दोष ठीक हो जाता है।

इस प्रकार पाए शनि दोष से मुक्ति

शनि देव की प्रकोप से बचने के लिए आपको देवों के देव महादेव की स्तुति करनी चाहिए।शनिवार के दिन जल में चीनी और काला तिल मिलाकर पीपल की जड़ में चढ़ाना चाहिए। ऐसा करने के बाद वृक्ष की तीन बार परिक्रमा अवश्य करें। ऐसा करने से शनि तो उससे आपको जल्दी छुटकारा मिलेगा। वहीं शनिवार के दिन खिचड़ी का सेवन करने से भी कई प्रकार के दुःख दूर हो जाते हैं। इस इस लिए हर शनिवार घर में खिचड़ी जरूर खाएं।

शनि देव के इन चमत्कारी मंत्रों का करें जाप

शनि मंत्र - ध्वजिनी धामिनी चैव कंकाली कलहप्रिहा।

कंकटी कलही चाउथ तुरंगी महिषी अजा।।

शनैर्नामानि पत्नीनामेतानि संजपन् पुमान्।

दुःखानि नाश्येन्नित्यं सौभाग्यमेधते सुखमं।।

ऊँ प्रां प्रीं प्रौं सः शनैश्चराय नमः।

ॐ त्र्यम्बकं यजामहे सुगन्धिं पुष्टिवर्धनम्‌।

उर्वारुकमिव बन्धनान्मृत्योर्मुक्षीय माऽमृतात्।।

शनि महामंत्र - ॐ निलान्जन समाभासं रविपुत्रं यमाग्रजम।

छायामार्तंड संभूतं तं नमामि शनैश्चरम॥

शनि दोष निवारण मंत्र - ऊँ त्रयम्बकं यजामहे सुगंधिम पुष्टिवर्धनम।

उर्वारुक मिव बन्धनान मृत्योर्मुक्षीय मा मृतात।।

शनि का पौराणिक मंत्र - ऊँ ह्रिं नीलांजनसमाभासं रविपुत्रं यमाग्रजम।

छाया मार्तण्डसम्भूतं तं नमामि शनैश्चरम्।।

शनि का वैदिक मंत्र - ऊँ शन्नोदेवीर-भिष्टयऽआपो भवन्तु पीतये शंय्योरभिस्त्रवन्तुनः।

शनि गायत्री मंत्र - ऊँ भगभवाय विद्महैं मृत्युरुपाय धीमहि तन्नो शनिः प्रचोद्यात्।

ॐ शन्नोदेवीरभिष्टय आपो भवन्तु पीतये।शंयोरभिश्रवन्तु नः।

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