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Friday, March 13, 2026
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Vastu Tips: गंगाजल के इस उपाय से होगी धन प्राप्ति, जानिए क्या कहता है वास्तु शास्त्र

वास्तु शास्त्र के अनुसार गंगाजल से जुड़े ऐसे कई नियम है जिनका उपयोग करके आप अपने जीवन में सफलता पा सकते हैं।

नई दिल्ली रफ्तार डेस्क। हिंदू धर्म में गंगाजल का बहुत बड़ा महत्व है। कहते हैं की गंगा के स्नान मंत्र से सारे पापों का नाश होता है। वहीं गंगा जी की पूजा अर्चना करने से आपके घर में सुख शांति भी बनी रहती है। वास्तु शास्त्र के हिसाब से गंगा जल के ऐसे कई सारे नियम है जिनका उपयोग करके आप अपने जीवन से कुछ कष्टों को दूर कर सकते हैं।

वास्तु शास्त्र के अनुसार गंगा जल से होने वाले फायदे

  • अगर आप को रात को डरवाने सपने आते हों तो हमेशा सोने से पहले बिस्तर पर गंगाजल का छिड़काव कर दें। ऐसा करने से डरवाने सपने इंसान को परेशान नहीं करते हैं।

  • आप के घर पर यदि वास्तुदोष है और आप उससे परेशान रहते हों तो अपने घर में नियमित गंगाजल का छिड़काव करें। ऐसा नियमित करने से वास्तु दोष का प्रभाव खत्म हो जाता है और घर पर सकारात्मक ऊर्जा आती है। घर में गंगाजल का सदैव छिड़काव करना चाहिए।

  • गंगाजल को हमेशा घर पर रखने से सुख और संपदा बनी रहती है। इसलिए एक पात्र में हमेशा गंगाजल भरकर रखें।

  • घर के मंदिर में गंगाजल का होना बहुत अनिवार्य होता है। आप किसी भी भगवान की पूजा कर रहे हो और अगर उनका गंगाजल से स्नान करे तो इसका एक अलग महत्व होता है।

  • भगवान सदा शिव को गंगाजल चढ़ाने से वे अति प्रसन्न होते हैं । इससे इंसान को मोक्ष और शुभ लाभ दोनों ही मिलते हैं।

  • तरक्की और सफलता पाने के लिए गंगाजल को हमेशा अपने पूजा स्थल और किचन में रखें। यदि आपके ऊपर कर्ज अधिक हो गया है या घर में परेशानियां ही परेशानियां हो तो आप गंगाजल को पीतल की बोतल में भरें और उसे अपने घर के कमरे में उत्तर पूर्व दिशा में रख दें। इससे आपकी समस्या हल हो जाएगी।

  • घर में साफ सफाई करते हुए आपको गंगाजल का भी प्रयोग करना चाहिए साफ सफाई करके पूरे घर में गंगाजल का छिड़काव करने से घर में पॉजिटिविटी बनी रहती है और नेगेटिविटी का नाश होता है।

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डिसक्लेमर

इस लेख में प्रस्तुत किया गया अंश किसी भी जानकारी/सामग्री/गणना की पूरी सटीकता या विश्वसनीयता की पुष्टि नहीं करता। यह जानकारियां विभिन्न स्रोतों/ज्योतिषियों/पंचांग/प्रवचनों/प्रामाणिकताओं/धार्मिक प्रतिष्ठानों/धर्मग्रंथों से संग्रहित की गई हैं। हमारा मुख्य उद्देश्य सिर्फ सूचना प्रस्तुत करना है, और उपयोगकर्ता को इसे सूचना के रूप में ही समझना चाहिए। इसके अतिरिक्त, इसका कोई भी उपयोग करने की जिम्मेदारी सिर्फ उपयोगकर्ता की होगी।

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