नई दिल्ली,रफ्तार डेस्क। भारतीय क्रिकेट के महान स्पिनर रविचंद्रन अश्विन ने आखिरकार अपने अचानक इंटरनेशनल रिटायरमेंट की असली वजह बता दी है। उन्होंने अपने यूट्यूब चैनल पर पूर्व कप्तान और कोच राहुल द्रविड़ से बातचीत में इस राज़ से पर्दा उठाया।
ऑस्ट्रेलिया दौरे के बीच लिया था चौंकाने वाला फैसला
दिसंबर 2024 में बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी के दौरान अश्विन ने अचानक रिटायरमेंट का ऐलान कर सभी को हैरान कर दिया था। ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ गाबा टेस्ट के बाद उन्होंने क्रिकेट को अलविदा कह दिया था। अब उन्होंने खुलासा किया कि लगातार विदेशी दौरों पर जाने और बार-बार बेंच पर बैठना उन्हें अंदर से तोड़ रहा था।
”बाहर बैठना और परिवार से दूर रहना मुश्किल था”
अश्विन ने कहा, “टूर पर जाना और बार-बार बाहर बैठना मुझे बहुत खलने लगा। ऐसा नहीं था कि मैं टीम के लिए योगदान नहीं देना चाहता था, लेकिन जब आप लगातार बाहर बैठते हैं तो सोचने लगते हैं कि क्या घर पर बच्चों के साथ समय बिताना बेहतर नहीं होगा? वे बड़े हो रहे हैं और मैं यहां बैठकर क्या कर रहा हूं?
भारत के दूसरे सबसे सफल टेस्ट गेंदबाज
रविचंद्रन अश्विन ने 2011 में टेस्ट डेब्यू किया था। उन्होंने 106 टेस्ट मैचों में 537 विकेट झटके। वनडे में 116 मैचों में 156 विकेट और टी20I में 65 मैचों में 72 विकेट लिए वे अनिल कुंबले के बाद 500 विकेट लेने वाले दूसरे भारतीय गेंदबाज हैं। बातचीत के दौरान अश्विन ने द्रविड़ से कहा कि वे उम्रदराज हो चुके थे और बेंच पर बैठना अब बर्दाश्त से बाहर हो रहा था। इसी वजह से उन्होंने परिवार और निजी जीवन को प्राथमिकता देने का फैसला किया। अश्विन का यह खुलासा क्रिकेट फैन्स के लिए उस सवाल का जवाब है, जो उनके अचानक रिटायरमेंट के बाद से लगातार उठ रहा था।




