नई दिल्ली,रफ्तार डेस्क। उत्तर प्रदेश में अवैध रूप से रह रहे रोहिंग्या और बांग्लादेशी घुसपैठियों को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बड़ा और सख्त फैसला लिया है। सीएम योगी ने साफ शब्दों में कहा है कि प्रदेश की सुरक्षा से किसी भी तरह का समझौता नहीं किया जाएगा और घुसपैठियों को किसी भी हालत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। सीएम योगी ने सोमवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर ‘योगी की पाती’ के जरिए प्रदेशवासियों के नाम एक अपील जारी की। उन्होंने लिखा कि उत्तर प्रदेश की सुरक्षा, सामाजिक संतुलन और मजबूत कानून व्यवस्था उनकी सरकार की सबसे बड़ी प्राथमिकता है। इसी के तहत अवैध रूप से रह रहे रोहिंग्या और बांग्लादेशी नागरिकों के खिलाफ सख्त कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
CM योगी की जनता से अपील
मुख्यमंत्री ने जनता से अपील की है कि वे सतर्क रहें और घर या व्यापार में किसी को भी काम पर रखने से पहले उसकी पहचान जरूर जांच लें। उन्होंने कहा कि प्रदेश की सुरक्षा हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। सीएम योगी ने यह भी बताया कि सुप्रीम कोर्ट ने एक सुनवाई के दौरान कहा है कि घुसपैठियों के लिए लाल कालीन नहीं बिछाई जा सकती। इसका साफ मतलब है कि देश और प्रदेश के संसाधनों पर पहला अधिकार केवल नागरिकों का है, न कि अवैध रूप से रह रहे लोगों का। सरकार ने सभी नगरीय निकायों को निर्देश दिए हैं कि वे संदिग्ध विदेशी नागरिकों की पहचान कर उनकी सूची तैयार करें। इसके साथ ही दस्तावेज़ सत्यापन के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है। घुसपैठियों को चिन्हित कर उन्हें डिटेंशन सेंटर भेजा जा रहा है। सरकार ने ऐलान किया है कि हर मंडल में डिटेंशन सेंटर बनाए जाएंगे ताकि आगे की कानूनी कार्रवाई की जा सके। सीएम योगी ने यह भी कहा कि सार्वजनिक संसाधनों पर अवैध बोझ को हटाना बेहद जरूरी है। सरकार की योजनाओं का लाभ जरूरतमंद लोगों तक ही पहुंचे, इसके लिए यह कार्रवाई की जा रही है। अंत में मुख्यमंत्री ने दोहराया कि सुरक्षा ही समृद्धि का आधार है, इसलिए हर नागरिक को इस अभियान में सरकार का सहयोग करना चाहिए।





