गृहमंत्री अमित शाह ने संस्कृत में ट्वीट कर दी श्रद्धांजली नई दिल्ली, 30 जून (हि.स.)। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने बुधवार को दैनिक संस्कृत समाचार पत्र सुधर्मा के संपादक केवी संपत कुमार के निधन पर शोक व्यक्त किया है। सुधर्मा के संपादक कुमार का 64 वर्ष की आयु में बुधवार दोपहर मैसूर में दिल का दौरा पड़ने से निधन हो गया था। प्रधानमंत्री ने ट्वीट कर कहा कि के.वी. संपत कुमार एक प्रेरक व्यक्तित्व थे। उन्होंने विशेष रूप से युवाओं के बीच संस्कृत को संरक्षित और लोकप्रिय बनाने के लिए अथक प्रयास किया। उनका जुनून और दृढ़ संकल्प प्रेरणादायक था। उनके निधन से वह दुखी हैं। उनके परिवार और प्रशंसकों के प्रति संवेदना व्यक्त करते हैं। केन्द्रीय गृहमंत्री ने भी संस्कृत में ट्वीट कर उनके निधन पर शोक व्यक्त किया। उन्होंने कहा, “केवी संपत्कुमारवर्यस्य जीवनं संस्कृतभाषाया: संरक्षण-संवर्धनयो: कृते समर्पितमासीत्। संस्कृतभाषाया: भाष्यमाणस्वरूपस्य प्रतिष्ठापनाय विहितं तदीययोगदानं न कदापि विस्मारयितुं शक्यते। तस्य निधनं संस्कृत-पत्रकारिताजगते अपूरणीया क्षति: वर्तते। प्रभु: दिवङ्गतात्मने सद्गतिं प्रदद्यात्।” उन्होंने कहा कि केवी संपत कुमार का जीवन संस्कृत भाषा के संरक्षण व संवर्धन के प्रति समर्पित रहा। संस्कृत भाषा को आम बोलचाल का हिस्सा बनाने में उनके योगदान को कभी भुलाया नहीं जा सकता। उनका निधन संस्कृत व पत्रकारिता जगत के लिए बड़ी क्षति है। प्रभु दिवंगत आत्मा को सद्गति प्रदान करे। उल्लेखनीय है कि संपत कुमार को, उनकी पत्नी विदुषी के.एस. जयलक्ष्मी को सभी बाधाओं के खिलाफ प्रकाशन को जीवित रखने के उनके अथक प्रयासों के लिए केन्द्र सरकार द्वारा 2020 में पद्म श्री से सम्मानित किया गया था। संपत कुमार ने अपने पिता पंडित के.एन. वरदराजा अयंगर से इसकी जिम्मेदारी प्राप्त की थी जिन्होंने 1970 में सुधर्मा का शुभारंभ किया था। उन्होंने सुनिश्चित किया कि प्रकाशन अपने पाठकों तक पहुंचता रहे। उन्होंने एक रिपोर्टर, प्रूफ-रीडर, संपादक और प्रकाशक के रूप में इसमें काम किया। हिन्दुस्थान समाचार/अनूप




