नई दिल्ली,रफ्तार डेस्क। भारतीय जनता पार्टी ने बिहार के कैबिनेट मंत्री नितिन नबीन को राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष नियुक्त किया है। इस बड़ी घोषणा के कुछ ही घंटों बाद पार्टी ने उनके दिल्ली दौरे का पूरा कार्यक्रम तय कर दिया। आज दिल्ली पहुंचने पर पार्टी की ओर से उनका भव्य और जोरदार स्वागत किया जाएगा। दिल्ली रवाना होने से पहले नितिन नबीन पटना के महावीर मंदिर में पूजा-अर्चना करेंगे। इसके बाद वह स्वर्गीय नबीन किशोर सिन्हा पार्क जाकर अपने पिता को श्रद्धांजलि देंगे। सुबह करीब 10 बजे वह दिल्ली के आईजीआई एयरपोर्ट के टर्मिनल-2 पर पहुंचेंगे। यहां दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता और दिल्ली के सातों बीजेपी सांसद उनका स्वागत करेंगे।
आगे चलकर बन सकते है BJP के राष्ट्रीय अध्यक्ष
नितिन नबीन की नियुक्ति को बीजेपी में हो रहे बड़े संगठनात्मक बदलाव से जोड़कर देखा जा रहा है। पार्टी के अंदर यह चर्चा भी तेज है कि जिस तरह जेपी नड्डा को पहले कार्यकारी अध्यक्ष बनाया गया था, उसी तरह नितिन नबीन आगे चलकर बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष भी बन सकते हैं। 1980 में पटना में जन्मे नितिन नबीन ने अपनी राजनीतिक यात्रा राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की छात्र इकाई अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) से शुरू की थी। साल 2000 में वह पहली बार बिहार विधानसभा के लिए चुने गए। इसके बाद वह पटना के बांकीपुर विधानसभा क्षेत्र से लगातार पांच बार विधायक बने। बांकीपुर सीट को बिहार में बीजेपी की सबसे मजबूत शहरी सीटों में गिना जाता है। हाल ही में हुए बिहार विधानसभा चुनाव में नितिन नबीन ने राष्ट्रीय जनता दल की उम्मीदवार रेखा कुमारी को 51 हजार से अधिक वोटों से हराया। इस चुनाव में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) को शानदार जीत मिली थी। बीजेपी 89 सीटों के साथ सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी, जबकि जेडीयू को 85 सीटें मिलीं।
PM मोदी ने दी बधाई
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी नितिन नबीन को इस नई जिम्मेदारी के लिए बधाई दी है। उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा कि नितिन नबीन एक युवा, मेहनती और जमीनी नेता हैं, जिन्हें संगठन में काम करने का लंबा अनुभव है। मंत्री और विधायक के रूप में उनका काम प्रभावी रहा है और वह विनम्र स्वभाव के लिए जाने जाते हैं। फिलहाल नितिन नबीन नीतीश कुमार के नेतृत्व वाली बिहार सरकार में सड़क निर्माण मंत्री हैं। 45 साल की उम्र में वह बीजेपी के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष बनने वाले सबसे युवा नेताओं में शामिल हो गए हैं। उनके पास करीब दो दशक का संगठनात्मक अनुभव है। उनकी राजनीतिक पृष्ठभूमि भी मजबूत मानी जाती है। उनके पिता नबीन किशोर सिन्हा जनसंघ के वरिष्ठ नेता थे और बिहार में विधायक रह चुके थे। पार्टी सूत्रों के अनुसार, छत्तीसगढ़ चुनाव अभियान के दौरान नितिन नबीन की संगठनात्मक क्षमता और रणनीति ने बीजेपी के शीर्ष नेतृत्व को काफी प्रभावित किया, जिसके बाद उन्हें यह अहम जिम्मेदारी सौंपी गई।





