नई दिल्ली,रफ्तार डेस्क। गुजरात के अहमदाबाद में कांग्रेस वर्किंग कमेटी CWC की दो दिवसीय बैठक चल रही है। इस बैठक में सोनिया गांधी, राहुल गांधी और पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे समेत कई वरिष्ठ नेता शामिल हुए। पहले दिन, मंगलवार को, मल्लिकार्जुन खरगे ने भाजपा और आरएसएस पर जमकर निशाना साधा।
RSS पर खरगे का हमला
खरगे ने कहा कि सरदार वल्लभभाई पटेल की विचारधारा आरएसएस से बिल्कुल अलग थी। उन्होंने आरोप लगाया कि आरएसएस पर प्रतिबंध लगाने वाले पटेल की विरासत पर आज उसी संगठन के लोग दावा कर रहे हैं। खरगे बोले, “यह हास्यास्पद है। सरदार पटेल हमारे दिलों और विचारों में बसे हैं। हम उनकी विरासत को आगे बढ़ा रहे हैं।
मोदी-शाह पर बाबा साहेब के अपमान का आरोप
खरगे ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि इन दोनों नेताओं ने बाबा साहेब आंबेडकर का अपमान किया है। उन्होंने यह भी कहा कि कुछ ताकतें आजादी के नायकों की छवि बिगाड़ने की साजिश कर रही हैं। खरगे ने यह दावा किया कि आज देश को सांप्रदायिकता के जरिये बांटने की कोशिश हो रही है, ताकि असली मुद्दों से ध्यान हटाया जा सके। उन्होंने कहा कि कुछ शक्तियां संसाधनों पर कब्जा करके शासन पर पूरा नियंत्रण चाहती हैं। खरगे ने याद दिलाया कि इस साल महात्मा गांधी के कांग्रेस अध्यक्ष बनने की 100वीं वर्षगांठ है। उन्होंने कहा कि 1924 में गांधी जी बेलगांव कर्नाटक में अध्यक्ष बने थे। कांग्रेस ने यह शताब्दी समारोह 26 दिसंबर को मनाया।
”नेहरू और पटेल थे एक जैसे”
कांग्रेस अध्यक्ष ने बताया कि इस साल 31 अक्टूबर को सरदार पटेल की 150वीं जयंती है। उन्होंने कहा, “नेहरू जी उन्हें भारत की एकता का संस्थापक कहते थे। कांग्रेस उनकी जयंती को पूरे देश में उल्लास के साथ मनाएगी। खरगे ने कहा कि भाजपा और आरएसएस ये दिखाने की कोशिश करते हैं कि सरदार पटेल और नेहरू एक-दूसरे के विरोधी थे, लेकिन यह झूठ है। उन्होंने कहा, “दोनों नेता एक सिक्के के दो पहलू थे और उनके रिश्ते बहुत मधुर थे। खरगे ने कहा कि जो लोग आज खुद को सबसे बड़ा राष्ट्रभक्त बता रहे हैं, उनका स्वतंत्रता संग्राम में कोई योगदान नहीं रहा। उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी 140 सालों से सेवा और संघर्ष की प्रतीक रही है, और इस पर गर्व है।





