नई दिल्ली, रफ्तार डेस्क। महाशिवरात्रि के अवसर पर संगम में स्नान करने आने वाले करोड़ों श्रद्धालुओं की सुरक्षा और स्वास्थ्य को देखते हुए प्रशासन ने बड़े स्तर पर तैयारियां की हैं। यूपी सरकार ने प्रयागराज के स्वरूप रानी नेहरू (SRN) अस्पताल में आपातकालीन चिकित्सा सेवाओं का विस्तार किया है। अस्पताल में ICU बेड की संख्या को 52 से बढ़ाकर 147 कर दिया गया है, जिससे श्रद्धालुओं को बेहतर इलाज मिल सके।
ICU सुविधाओं में बड़ा बदलाव
मोतीलाल नेहरू मेडिकल कॉलेज के मीडिया प्रभारी डॉ. संतोष सिंह के अनुसार, विभिन्न चिकित्सा विभागों में आईसीयू बेड की संख्या इस तरह की होगी, कार्डियोलॉजी विभाग – 23 बेड सर्जिकल आईसीयू – 10 बेड बाल रोग आईसीयू – 10 बेड नवजात आईसीयू – 15 बेडस्त्री एवं प्रसूति आईसीयू – 8 बेड ट्रॉमा आईसीयू – 10 बेड मेडिसिन आईसीयू – 20 बेडन्यूरोसर्जरी आईसीयू – 10 बेड गैस्ट्रोएंटरोलॉजी आईसीयू – 6 बेड श्वसन रोग आईसीयू – 6 बेड न्यूरोलॉजी आईसीयू – 10 बेड अतिरिक्त आईसीयू बेड – 19 बेड आवश्यकतानुसार इस्तेमाल किए जाएंगे
24×7 आपातकालीन सेवाएं
महाकुंभ के दौरान किसी भी आकस्मिक स्थिति से निपटने के लिए ट्रॉमा केयर सेंटर को अत्याधुनिक उपकरणों से लैस किया गया है। वेंटिलेटर, मॉनिटरिंग सिस्टम और प्रशिक्षित चिकित्सा टीम को 24 घंटे तैनात किया गया है। महाशिवरात्रि पर उमड़ने वाली भारी भीड़ को देखते हुए प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था भी कड़ी कर दी है। यूपी के डीजीपी प्रशांत कुमार ने प्रयागराज में महाकुंभ की तैयारियों की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि श्रद्धालुओं को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो।
ट्रैफिक जाम से निपटने के खास इंतजाम
महाकुंभ के अंतिम वीकेंड और महाशिवरात्रि के पर्व को देखते हुए ट्रैफिक जाम से बचाव के लिए भी विशेष इंतजाम किए गए हैं। डीजीपी प्रशांत कुमार ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि श्रद्धालुओं को कम से कम पैदल चलना पड़े, लेकिन यातायात भी सुचारू रूप से चलता रहे। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा और स्वास्थ्य सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि किसी भी श्रद्धालु को चिकित्सा सुविधा की कमी महसूस न हो। महाकुंभ 2025 में उमड़ने वाली भीड़ को देखते हुए सरकार ने चिकित्सा और सुरक्षा व्यवस्थाओं को दुरुस्त कर दिया है। सरकार के इन प्रयासों से श्रद्धालु सुरक्षित और स्वस्थ अनुभव प्राप्त कर सकेंगे।





