नई दिल्ली/रफ्तार डेस्क। कोलकाता रेप व मर्डर केस में एक बड़ा खुलासा हुआ है। आरोपी संजय रॉय जो बाइक इस्तेमाल करता था वो बाइक पुलिस आयुक्त कोलकाता के नाम पर पंजीकृत थी। गौरतलब है कि CBI ने दो दिन पहले ही आरोपी की बाइक को जब्त किया था।
आरोपी की बाइक पर लिखा था KP
बता दें कि, 9 अगस्त को पीड़िता का शव कोलकाता के आरजी कर के सेमिनार हॉल से बरामद किया गया था। जिसके बाद पुलिस ने CCTV फुटेज के आधार पर सिविक वॉलंटियर संजय रॉय को गिरफ्तार कर लिया था और उसकी बाइक को भी जब्त कर ली थी। जब इस मामले की जांच CBI को दे दिया गया है तो शनिवार को कोलकाता पुलिस ने आरोपी की बाइक CBI को सौंप दी। बाइक का नंबर WB 01 A E 5021 है। आरोपी की बाइक पर KP लिखा हुआ था। जिसके बाद CBI इस मामले की जांच शुरू कर दी।
कोलकाता पुलिस आयुक्त के नाम पर रजिस्टर्ड है बाइक
अब इस मामले में CBI ने जांच की तो मामला चौंकाने वाला निकला। कोलकाता रेप व मर्डर केस के आरोपी की बाइक कोलकाता पुलिस आयुक्त के नाम पर रजिस्टर्ड पाई गई। ये बाइक मई 2024 में रजिस्टर्ड कराई गई थी। आरोपी इसी पुलिस की बाइक से नशे की हालत में 15 किलोमीटर का सफर तय किया था।
अब इस मामले की जानकारी सामने आते ही ये स्पष्ट हो जाता है कि आरोपी संजय रॉय और पुलिस एक दूसरे को बहुत अच्छे से जानते हैं। दोनों के तार कहीं ना कहीं आपस में जुड़े हुए हैं। बताया ये भी जा रहा है कि आरोपी संजय रॉय इस बाइक का इस्तेमाल वसूली के लिए करता था।
क्या है कोलकाता रेप केस ?
दरअसल कोलकाता के आरजी कर मेडिकल कॉलेज एंड अस्पताल में 9 अगस्त की रात को एक ट्रेनी महिला डॉक्टर की रेप कर हत्या कर दी गई। इस घटना के तुरंत बाद कॉलेज के प्रिंसिपल संदीप घोष ने इस्तीफा दे दिया। जिसके बाद पूरे देश में इस घटना के विरोध में प्रदर्शन व आक्रोश मार्च निकाला गया। वहीं पूरे देश के डॉक्टरों ने हड़ताल कर दिया। मामले को बढ़ता देख कलकत्ता हाईकोर्ट ने इस वारदात की जांच की जिम्मेदारी CBI को सौंप दी। वहीं जब इस घटना के विरोध में डॉक्टरों ने कॉलेज में धरना प्रदर्शन किया तो हजारों की भीड़ ने कॉलेज कैंपस पर हमला कर दिया और पूरे अस्पताल में तोड़फोड़ मचाया। जिसके बाद बताया गया कि भीड़ ने क्राइम स्थल को भी नुकसान पहुंचाया। अब इस मामले को लेकर सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई चल रही है।





