नई दिल्ली रफ्तार डेस्क – केंद्र सरकार में मंत्री एचडी कुमारस्वामी पर कर्नाटक सरकार में मंत्री जमीर अहमद ने नस्ल भेदी टिप्पणी की है जिसके बाद कर्नाटक से लेकर केंद्र की सियासत में उबाल आ गया है। यह पूरा मामला चन्नापटना उपचुनाव के प्रचार के दौरान हुआ। स्टेफनी के बाद जेडीएस ने कांग्रेस और मुख्यमंत्री सिद्धारमैया से मंत्री के खिलाफ कार्यवाही कर इस्तीफा लेने की मांग की है।
एचडी कुमारस्वामी के रंग का उड़ाया मजाक
कर्नाटक सरकार में मंत्री जमीर अहमद चुनावी प्रचार में सीपी योगेश्वर का चुनाव प्रचार कर रहे थे। इस दौरान उन्होंने सीपी योगेश्वर के कई दलों में जाने को लेकर बात शुरू की। उन्होंने बताया कि सीपी योगेश्वर कांग्रेस और बीएसपी (BSP) से होते हुए भाजपा में इसलिए चले गए क्योंकि वह जनता दल सेक्लयुर (JDS) के साथ नहीं जाना चाहते थे। इसके बाद उन्होंने एचडी कुमारस्वामी के रंग को लेकर विवादित टिप्पणी की। आपको बता दें कि 5 बार के विधायक ज़मीर अहमद अल्पसंख्यक मामलों के महत्वपूर्ण विभाग के प्रभारी हैं।
JDS ने मांगा मंत्री का इस्तीफा
जमीर अहमद से राज्य की राजनीति में प्रचार आना तो तय था। जैसे ही बयान सार्वजनिक हुआ वैसे ही विरोधी दलों में उन्हें घेरने में जरा भी देर नहीं की। जेडीएस (Janta Dal Secular) में सोशल मीडिया पोस्ट के माध्यम से कहा की जमीर अहमद ने चन्नापटना उपचुनाव (Karnataka Assembly By Poll) प्रचार के दौरान नस्लीय गालियों का इस्तेमाल किया। इस घिनोने काम के लिए उन्हें अपने पद से इस्तीफा दे देना चाहिए। जेडीएस ने राज्य के गृहमंत्री जी परमेश्वर और रामनगर पुलिस ने इस मामले में कार्रवाई करने की अपील की है। पार्टी ने मांग की है कि पुलिस को जमीर अहमद के खिलाफ नस्लीय दुर्व्यवहार, जातिवाद और समाज में शांति को भंग करने की कोशिश में तुरंत उचित कानूनी कार्रवाई करनी चाहिए।





