नई दिल्ली/रफ्तार डेस्क। बीते लंबे समय से किसान अपनी मांगों को लेकर खनौरी बॉर्डर पर विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। 50 दिन से किसानों की मांग के समर्थन में अनशन पर बैठे किसान नेता जगजीत सिंह डल्लेवाल की हालत दिन प्रतिदन नाजुक होती जा रही है। वह बीते 24 नवंबर 2024 से अनशन पर बैठे हैं। वह पानी तक पीने में मुश्किलों का सामना कर रहे हैं। उनके आमरण अनशन के समर्थन में आज बुधवार से 111 किसान पर अनशन पर बैठ रहे हैं। दोपहर 2 बजे से उनका यह अनशन शुरू होगा।
मार्च करेंगे आंदोलनकारी किसान
किसान नेता जगजीत सिंह डल्लेवाल के समर्थन में और अपनी मांगों को दोहरान के लिए किसान धाबी गुजरान से पहले पुलिस बैरिकेड तक मार्च करेंगे। इस दौरान वह विरोध दर्ज कराने के लिए काले कपड़े पहनेंगे। एमएसपी पर राज्य भाजपा प्रमुख सुनील जाखड़ की टिप्पणी की किसान यूनियनों ने आलोचना की। जाखड़ ने तर्क दिया था कि कानूनी एमएसपी गारंटी पंजाब के किसानों के लिए अनुकूल नहीं हो सकती है।
बड़े आंदोलन की तैयारी में किसान?
किसानों का कहना है कि केंद्र सरकार उनकी मांगों को नजरअंदाज कर रही है। सोमवार को इसे लेकर राकेश टिकैत और कई किसानों के बीच बैठक हुई थी। इस बैठक के पूरा होने के बाद राकेश टिकैत ने कहा कि किसानों का आक्रोश बढ़ता जा रहा है। मैं शहर-शहर घूमकर किसानों से बात कर रहा हूं। किसानों की एकमत राय है कि केंद्र सरकार के खिलाफ बड़े आंदोलन की जरूरत है। इसके अलावा उन्होंने यह भी बताया कि किसान संगठन 18 जनवरी को कोई बड़ा फैसला ले सकते हैं जिसके जरिए वह अपनी मांगों को माने जाने पर केंद्र सरकार पर दवाब बनाएंगे। खबर है कि इस बार भी 26 जनवरी के दिन ट्रैक्टर रैली निकाली जाएगी।





