नई दिल्ली,रफ्तार डेस्क। महाराष्ट्र के रायगढ़ जिले के अलीबाग में समुद्र में एक मछली पकड़ने वाली नाव में भीषण आग लग गई। इस घटना में नाव पूरी तरह जलकर खाक हो गई, लेकिन राहत की बात यह रही कि नाव में सवार सभी 18 नाविकों को सुरक्षित बचा लिया गया। भारतीय तटरक्षक बल और भारतीय नौसेना की मदद से रेस्क्यू ऑपरेशन सफल रहा।
अंधेरे में लगी आग
रायगढ़ पुलिस अधीक्षक (SP) के मुताबिक, यह आग सुबह 3-4 बजे के बीच लगी। नाव के मालिक का नाम राकेश गन बताया जा रहा है। जैसे ही नाव में आग लगी, आसपास के लोगों ने धधकती आग देखी और तुरंत अधिकारियों को इसकी सूचना दी। इसके बाद कोस्ट गार्ड और नेवी की टीमों ने मौके पर पहुंचकर नाविकों को बचाने का काम शुरू किया। इस घटना का एक वीडियो भी सामने आया है, जिसमें पूरी नाव आग की लपटों से घिरी नजर आ रही है। आग से निकलता काला धुआं दूर से ही दिखाई दे रहा था। हालांकि, अभी तक यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि आग किस वजह से लगी। अलीबाग के पास पहले भी इस तरह की घटनाएं हो चुकी हैं। पिछले महीने ही एक मछुआरों की नाव समुद्र में डूब गई थी, हालांकि उसमें सवार सभी 15 नाविकों को बचा लिया गया था। वहीं, दिसंबर 2024 में गेटवे ऑफ इंडिया से एलिफेंटा जाने वाली एक फेरी नौसेना की बोट से टकराकर डूब गई थी, जिसमें 13 लोगों की मौत हो गई थी।
मुंबई की बहुमंजिला इमारत में भी लगी आग
नाव में आग लगने की घटना ऐसे समय में हुई जब मुंबई के भायखला ईस्ट इलाके की सैलसेट बिल्डिंग में भी भीषण आग लग गई। आग 42वें फ्लोर पर लगी, जिससे पूरी बिल्डिंग को खाली कराना पड़ा। फायर ब्रिगेड की गाड़ियां मौके पर मौजूद हैं और आग बुझाने का काम जारी है। मुंबई पुलिस, बेस्ट, बीएमसी के कर्मचारी और एंबुलेंस भी राहत कार्य में जुटे हुए हैं। स्थानीय निवासियों से अपील की गई है कि जब तक स्थिति पूरी तरह से नियंत्रण में नहीं आ जाती, वे बिल्डिंग में वापस न जाएं। अलीबाग में समुद्र में लगी आग और मुंबई की इमारत में हुई घटना ने प्रशासन की सतर्कता और आपातकालीन सेवाओं की तत्परता को दर्शाया है। सौभाग्य से, दोनों ही मामलों में जानमाल का कोई नुकसान नहीं हुआ। लेकिन ये घटनाएं सुरक्षा उपायों को और मजबूत करने की जरूरत को भी दिखाती हैं।





